MP News: ग्वालियर। ग्वालियर की विशेष एससी-एसटी अदालत ने भाजपा विधायक प्रीतम सिंह लोधी के बेटे दिनेश लोधी को फरार घोषित करते हुए उसके खिलाफ स्थायी गिरफ्तारी वारंट जारी करने का आदेश दिया है। अदालत ने पुलिस को आरोपी की गिरफ्तारी सुनिश्चित कर उसे न्यायालय में पेश करने के निर्देश दिए हैं।
विशेष न्यायाधीश नवीन कुमार शर्मा ने आदेश में कहा है कि प्रकरण के मुख्य रिकॉर्ड पर लाल स्याही से ‘अभियुक्त फरार है’ अंकित किया जाए और केस फाइल को नियमानुसार सुरक्षित रखा जाए।
2023 में जारी हुआ था पहला वारंट
MP News: अदालती रिकॉर्ड के मुताबिक, 40 वर्षीय दिनेश लोधी, ग्राम जलालपुर का निवासी है। उसके खिलाफ ग्वालियर के पुरानी छावनी थाना क्षेत्र में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (एससी-एसटी) अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज है।इस मामले में अदालत ने पहली बार 28 दिसंबर 2023 को गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। इसके बावजूद आरोपी न तो पुलिस के सामने पेश हुआ और न ही न्यायालय में उपस्थित हुआ।
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पुलिस रिपोर्ट के आधार पर अदालत का फैसला
MP News: सुनवाई के दौरान पुरानी छावनी थाने के प्रधान आरक्षक संजय द्विवेदी ने अदालत में अदम तामील वारंट और तस्दीक पंचनामा प्रस्तुत किया। पुलिस ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि आरोपी की तलाश के लिए लगातार प्रयास किए गए, लेकिन वह गिरफ्तारी से बचता रहा और वारंट का पालन नहीं हो सका।पुलिस की रिपोर्ट और उपलब्ध दस्तावेजों पर विचार करने के बाद अदालत ने दिनेश लोधी को विधिवत फरार घोषित कर दिया।
गिरफ्तारी तक प्रभावी रहेगा वारंट
विशेष अदालत ने आरोपी के खिलाफ स्थायी गिरफ्तारी वारंट जारी करने का आदेश दिया है। यह वारंट तब तक प्रभावी रहेगा, जब तक आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश नहीं किया जाता।
अब पुलिस पर गिरफ्तारी की जिम्मेदारी
MP News: अदालत के आदेश के बाद अब पुलिस की जिम्मेदारी है कि आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करे। यह मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि आरोपी सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक प्रीतम सिंह लोधी का बेटा है।हालांकि, न्यायालय की ओर से की गई यह कार्रवाई न्यायिक प्रक्रिया के तहत है और मामले की आगे की सुनवाई कानून के निर्धारित प्रावधानों के अनुसार जारी रहेगी।







