Reliance Industries/Facebook : नई दिल्ली : रिलायंस इंडस्ट्रीज ने फेसबुक के साथ साझेदारी में एक नई AI कंपनी का गठन किया है। इस जॉइंट वेंचर का नाम रिलायंस एंटरप्राइज इंटेलिजेंस लिमिटेड (REIL) रखा गया है। रिलायंस और मेटा (फेसबुक ओवरसीज इंक) ने शुरुआती निवेश के तौर पर 855 करोड़ रुपए का निवेश किया है।
Reliance Industries/Facebook : हिस्सेदारी का बंटवारा:
REIL में रिलायंस इंटेलिजेंस लिमिटेड के पास 70% हिस्सेदारी होगी, जबकि बाकी 30% हिस्सा मेटा प्लेटफॉर्म्स इंक की कंपनी फेसबुक ओवरसीज के पास रहेगा। रिलायंस की AI यूनिट ने 2 करोड़ रुपए का शुरुआती निवेश किया, जिसमें 2 करोड़ इक्विटी शेयर खरीदे गए हैं, प्रत्येक शेयर की कीमत 10 रुपए है।
कंपनी का उद्देश्य:
REIL का लक्ष्य मेटा के ओपन-सोर्स लामा मॉडल्स और रिलायंस की बिजनेस पहुंच का उपयोग करके विभिन्न सेक्टर्स के लिए AI टूल्स विकसित करना है।
Reliance Industries/Facebook : मुख्य प्रोडक्ट्स:
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एंटरप्राइज AI प्लेटफॉर्म-एज-ए-सर्विस: कंपनियां अपने अनुसार जेनरेटिव AI मॉडल्स बना सकेंगी और उनका इस्तेमाल कर सकेंगी।
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प्री-कॉन्फिगर्ड सॉल्यूशंस: विशेष तौर पर सेल्स, मार्केटिंग, IT ऑपरेशंस, कस्टमर सर्विस और फाइनेंस सेक्टर के लिए।
Reliance Industries/Facebook : टेक्निकल सहयोग:
मेटा इस पार्टनरशिप में लामा-बेस्ड AI मॉडल्स बनाने की टेक्निकल एक्सपर्टीज प्रदान करेगा, जबकि रिलायंस अपने डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और भारत में मौजूद हजारों कंपनियों तक पहुंच का फायदा उठाएगा।
उपयोग और लाभ:
AI सॉल्यूशंस क्लाउड, ऑन-प्रिमाइसेस और हाइब्रिड एनवायरनमेंट में इस्तेमाल किए जा सकेंगे, और इनका उद्देश्य कंपनियों की लागत कम करना है।
रेगुलेटरी स्थिति:
REIL का गठन रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन के अंतर्गत नहीं आता और रिलायंस के प्रमोटर्स या ग्रुप कंपनियों का इसमें कोई निजी हित नहीं है। इसके लिए किसी सरकारी या रेगुलेटरी मंजूरी की आवश्यकता नहीं पड़ी।
इस पार्टनरशिप से भारत के बिजनेस को AI टेक्नोलॉजी का फायदा आसानी से मिल सकेगा। रिलायंस की मार्केट पहुंच और मेटा की तकनीक छोटे-बड़े बिजनेस को स्मार्ट और किफायती बनाने में मदद करेगी।









