Raigarh Operation Aaghat: गौरी शंकर गुप्ता\रायगढ़। रायगढ़ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने समाज के प्रति अपनी संवेदनशील सोच और जिम्मेदारी का परिचय देते हुए सामाजिक सरोकारों से जुड़े दो महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने न केवल दत्तक ग्रहण समारोह में शामिल होकर एक परिवार की खुशियों में सहभागिता की, बल्कि नशे की गिरफ्त से बाहर निकलने की कोशिश कर रहे युवाओं का भी हौसला बढ़ाया।
Raigarh Operation Aaghat: एसएसपी शशि मोहन सिंह अपनी पत्नी रेखा सिंह और पुत्र ऋभु समर्थ सिंह के साथ मातृ निलियम संस्था द्वारा आयोजित 129वें दत्तक ग्रहण समारोह में शामिल हुए। संस्था अब तक 128 बच्चों को कानूनी प्रक्रिया के तहत निःसंतान दंपत्तियों को सौंप चुकी है। समारोह में 129वें बच्चे के दत्तक ग्रहण की प्रक्रिया के तहत एसएसपी और उनकी पत्नी ने प्रतीकात्मक रूप से बच्चे को आवेदनकर्ता दंपत्ति को सौंपा और उन्हें शुभकामनाएं दीं।
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Raigarh Operation Aaghat: इसके बाद एसएसपी नव जीवन व्यसन मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्र पहुंचे, जहां उन्होंने नशा छोड़ने का प्रयास कर रहे युवाओं से आत्मीय संवाद किया। उन्होंने युवाओं को जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने, आत्मविश्वास बनाए रखने और नशे से हमेशा के लिए दूरी बनाने की प्रेरणा दी।
Raigarh Operation Aaghat: एसएसपी ने कहा कि नशा केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को ही नुकसान नहीं पहुंचाता, बल्कि उसका परिवार, भविष्य और सामाजिक सम्मान भी छीन लेता है। उन्होंने बताया कि अधिकांश अपराधों की जड़ में किसी न किसी रूप में नशा शामिल होता है, इसलिए युवाओं को इससे दूर रहना चाहिए।
Raigarh Operation Aaghat: उन्होंने बताया कि रायगढ़ पुलिस ‘ऑपरेशन आघात’ के तहत शराब, गांजा, नशीली दवाओं और अन्य मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है। लेकिन इस अभियान का उद्देश्य केवल अपराधियों पर कार्रवाई करना नहीं, बल्कि नशे की चपेट में आए युवाओं को मुख्यधारा से जोड़कर उन्हें नया जीवन देना भी है।
Raigarh Operation Aaghat: एसएसपी ने कहा कि रायगढ़ पुलिस ऐसे युवाओं के पुनर्वास, मार्गदर्शन और रोजगार से जोड़ने के लिए भी प्रयास करेगी, ताकि वे सम्मानजनक और आत्मनिर्भर जीवन जी सकें। इसके लिए प्रशासन, समाज कल्याण विभाग, स्वयंसेवी संस्थाओं और आम नागरिकों के सहयोग की आवश्यकता है।









