Chhindwara News Blackbuck Poaching : छिंदवाड़ा: मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के चौरई वन परिक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम सागर (कुंडा) में वन विभाग ने वन्यजीव तस्करों और शिकारियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। गुप्त सूचना के आधार पर वन विभाग की टीम ने एक खेत में दबिश देकर काले हिरण का शिकार कर उसका मांस काटते हुए तीन आरोपियों को रंगे हाथ दबोचा है। इस मामले में एक अन्य आरोपी भागने में सफल रहा, जिसकी तलाश जारी है।
सूचना मिलते ही रेंजर ने बिछाया जाल जानकारी के अनुसार, चौरई रेंजर वंदना पाल को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम सागर के एक खेत में कुछ लोग प्रतिबंधित वन्यजीव काले हिरण का आखेट कर उसका मांस ठिकाने लगाने की कोशिश कर रहे हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए रेंजर ने तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया और मौके पर छापेमारी की।
रंगे हाथ पकड़े गए आरोपी जब वन विभाग की टीम मौके पर पहुँची, तो आरोपी राधेश्याम यादव, सुमेरी यादव और रत्नेश यादव हिरण का मांस काट रहे थे। टीम ने घेराबंदी कर तीनों को मौके से गिरफ्तार कर लिया और शिकार में इस्तेमाल किए गए औजार तथा हिरण के अवशेषों को जब्त कर लिया। प्रारंभिक पूछताछ में पता चला है कि आरोपियों ने स्थानीय स्तर पर ही हिरण का शिकार किया था।
न्यायिक हिरासत में भेजे गए शिकारी वन विभाग ने वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कागजी कार्रवाई पूरी की। इसके बाद तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें जेल भेज दिया गया है। वन विभाग की टीम अब फरार चौथे आरोपी की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
अधिकारियों की मुस्तैदी इस सफल कार्रवाई में रेंजर वंदना पाल के साथ डिप्टी रेंजर अरुण सेंगर, रवि वर्मा, वनरक्षक मनीष जैन, सुनील यादव, जितेंद्र राजपूत और आशीष शुक्ला की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि वन्यजीवों के शिकार और अवैध व्यापार के खिलाफ अभियान और तेज किया जाएगा।









