भोपाल : मध्य प्रदेश में भीषण सर्दी के बीच अब लोगों को कुछ राहत महसूस होने लगी है। राज्य के लगभग सभी जिलों में न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। भोपाल, ग्वालियर, चंबल, रीवा और जबलपुर संभाग के जिलों में तापमान सामान्य से ऊपर रहा। बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क बना रहा, जबकि ग्वालियर में मध्यम स्तर का कोहरा देखने को मिला।
कटनी बना प्रदेश का सबसे ठंडा जिला
हालांकि राहत के बावजूद कुछ इलाकों में ठंड का असर अभी भी कायम है। कटनी जिला मध्य प्रदेश का सबसे ठंडा क्षेत्र दर्ज किया गया। कटनी के करौंदी में न्यूनतम तापमान 7.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं शहडोल के कल्याणपुर में 7.7 डिग्री, छतरपुर के खजुराहो में 8 डिग्री, इंदौर में 8.2 डिग्री और राजगढ़ व मंडला में 8.4 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया।
पांच बड़े शहरों में इंदौर सबसे ठंडा
प्रदेश के पांच प्रमुख शहरों की बात करें तो इंदौर सबसे ठंडा शहर रहा। उज्जैन में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री, भोपाल में 10.6 डिग्री, ग्वालियर में 10.8 डिग्री और जबलपुर में 13.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं अधिकतम तापमान की बात करें तो मंडला में 31.8 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे ज्यादा गर्मी दर्ज की गई।
जनवरी के अंतिम सप्ताह में फिर बढ़ेगी ठंड
मौसम विभाग के अनुसार, जनवरी के आखिरी सप्ताह में एक बार फिर ठंड का असर बढ़ सकता है। फिलहाल अफगानिस्तान और पंजाब में पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय है। इसके साथ ही पूर्वी राजस्थान में मध्य प्रदेश की सीमा के पास साइक्लोनिक सर्कुलेशन भी बना हुआ है। इन तीनों मौसम प्रणालियों के कारण प्रदेश के मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। कई जिलों में हल्की बूंदाबांदी की संभावना है, जिससे ठंड और बढ़ सकती है।
अगले 24 घंटे का मौसम पूर्वानुमान
मौसम विभाग का कहना है कि अगले 24 घंटों के दौरान मध्य प्रदेश के अधिकांश जिलों में मौसम शुष्क बना रहेगा। हालांकि ग्वालियर, दतिया, भिंड, सतना, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में सुबह के समय कोहरा छाए रहने की संभावना जताई गई है। वाहन चालकों और यात्रियों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।











