MP Rajya Sabha Election Dispute: नई दिल्ली/भोपाल। मध्य प्रदेश कांग्रेस की राज्यसभा प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त होने का विवाद अब राजधानी दिल्ली की सड़कों तक पहुंच गया है। शुक्रवार को मध्य प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार और कांग्रेस के कई विधायक दिल्ली में विरोध प्रदर्शन के दौरान हिरासत में ले लिए गए। राष्ट्रपति से मुलाकात का समय नहीं मिलने के बाद कांग्रेस नेताओं ने 24 अकबर रोड स्थित पार्टी मुख्यालय से राष्ट्रपति भवन तक पैदल मार्च निकालने का फैसला किया था।
MP Rajya Sabha Election Dispute: दरअसल, राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन पत्र तकनीकी कारणों का हवाला देते हुए निरस्त कर दिया गया था। कांग्रेस लगातार इस कार्रवाई को लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताते हुए विरोध जता रही है। इसी मुद्दे को लेकर मध्य प्रदेश कांग्रेस विधायक दल दिल्ली पहुंचा और राष्ट्रपति से मुलाकात का समय मांगा गया, ताकि पूरे मामले से उन्हें अवगत कराया जा सके।
MP Rajya Sabha Election Dispute: हालांकि, राष्ट्रपति भवन की ओर से मुलाकात का समय नहीं मिलने के बाद कांग्रेस नेताओं ने विरोध का रास्ता अपनाया। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और विधायकों ने 24 अकबर रोड स्थित कांग्रेस मुख्यालय से राष्ट्रपति भवन तक पैदल मार्च शुरू किया। जैसे ही प्रदर्शनकारी आगे बढ़े, दिल्ली पुलिस ने उन्हें रोक लिया और हालात को देखते हुए जीतू पटवारी, उमंग सिंघार समेत कई विधायकों को हिरासत में ले लिया।
MP Rajya Sabha Election Dispute: कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि विपक्ष की आवाज को दबाने की कोशिश की जा रही है। उनका कहना है कि राज्यसभा चुनाव की पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष नहीं रही और मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किया जाना लोकतांत्रिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है। कांग्रेस का दावा है कि बहुमत का आंकड़ा होने के बावजूद तकनीकी आधार पर उम्मीदवार को चुनावी मैदान से बाहर कर दिया गया।
MP Rajya Sabha Election Dispute: वहीं, इस मामले में कांग्रेस को न्यायिक मोर्चे पर भी झटका लगा है। मीनाक्षी नटराजन की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया। अदालत ने स्पष्ट किया कि यदि उम्मीदवार इस फैसले को चुनौती देना चाहती हैं, तो उन्हें चुनाव याचिका के माध्यम से संबंधित हाईकोर्ट का रुख करना होगा।
MP Rajya Sabha Election Dispute: सुप्रीम कोर्ट से राहत नहीं मिलने और राष्ट्रपति से मुलाकात का समय न मिलने के बाद कांग्रेस ने राजनीतिक संघर्ष को और तेज करने के संकेत दिए हैं। दिल्ली में हुई गिरफ्तारी के बाद अब यह मामला केवल चुनावी विवाद तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि मध्य प्रदेश की राजनीति में बड़े सियासी टकराव का रूप लेता नजर आ रहा है।
MP Rajya Sabha Election Dispute: कांग्रेस नेताओं का कहना है कि यह लड़ाई केवल एक उम्मीदवार के नामांकन की नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक अधिकारों और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा की लड़ाई है। वहीं भाजपा इस पूरे विवाद को कांग्रेस की आंतरिक विफलता और चुनावी प्रक्रिया का राजनीतिकरण करने की कोशिश बता रही है।
MP Rajya Sabha Election Dispute: फिलहाल, दिल्ली में कांग्रेस नेताओं की गिरफ्तारी के बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सियासी घमासान और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।









