उपराष्ट्रपति चुनाव की अधिसूचना जारी : 9 सितंबर को होगा मतदान, माथुर और गहलोत रेस में सबसे आगे

VIKASH KHALKHO
nishaanebaz.com (28)

उपराष्ट्रपति चुनाव की अधिसूचना जारी : नई दिल्ली: भारत के नए उपराष्ट्रपति के चुनाव की तारीखों का ऐलान हो गया है। चुनाव आयोग (Election Commission) ने 9 सितंबर 2025 को मतदान कराने की अधिसूचना जारी की है। नामांकन प्रक्रिया 7 अगस्त से शुरू होगी और 21 अगस्त तक चलेगी। मतदान सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक होगा, और परिणाम भी उसी दिन घोषित कर दिया जाएगा।

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पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने अचानक 21 जुलाई की रात को अपने पद से इस्तीफा दे दिया था, जिसे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 22 जुलाई को स्वीकार कर लिया। 74 वर्षीय धनखड़ का कार्यकाल 10 अगस्त 2027 तक था, लेकिन उनके अचानक इस्तीफे से नए चुनाव की ज़रूरत आन पड़ी।

उपराष्ट्रपति चुनाव की अधिसूचना यहाँ देखे – Notification of Vice Presidential Election

चुनाव कार्यक्रम इस प्रकार है:

  • 7 अगस्त: अधिसूचना जारी
  • 21 अगस्त: नामांकन की आखिरी तारीख
  • 22 अगस्त: नामांकन पत्रों की जांच
  • 25 अगस्त: नाम वापसी की आखिरी तारीख
  • 9 सितंबर: मतदान और उसी दिन काउंटिंग व परिणाम

कैसे होता है उपराष्ट्रपति का चुनाव? जानिए 6 स्टेप्स में पूरी प्रक्रिया

  1. निर्वाचक मंडल का गठन: इसमें लोकसभा और राज्यसभा के सभी निर्वाचित और मनोनीत सांसद शामिल होते हैं।
  2. चुनाव की अधिसूचना: निर्वाचन आयोग नामांकन, मतदान और परिणाम की तिथियाँ तय करता है।
  3. नामांकन प्रक्रिया: किसी भी उम्मीदवार को कम से कम 20 सांसदों का प्रस्तावक और 20 सांसदों का समर्थन प्राप्त होना ज़रूरी होता है।
  4. प्रचार प्रक्रिया: चूंकि केवल सांसद ही मतदाता होते हैं, इसलिए प्रचार सीमित और उच्चस्तरीय होता है।
  5. मतदान प्रक्रिया: सांसद गोपनीय मतपत्र पर उम्मीदवारों को प्राथमिकता क्रम (1, 2, 3…) में वोट देते हैं।
  6. मतगणना और परिणाम: साधारण बहुमत (50% से अधिक वैध वोट) पाने वाले को विजयी घोषित किया जाता है।

उपराष्ट्रपति पद की रेस में कौन सबसे आगे?

ओम प्रकाश माथुर (Om Prakash Mathur ) on X: "प्रिय अनुज आप का स्नेह मेरे जीवन की पूंजी है आपका आभार" / Xओम माथुर – संघ पृष्ठभूमि और मोदी-शाह की पसंद

वर्तमान में सिक्किम के राज्यपाल ओम माथुर, 73 वर्ष, मोदी और शाह के बेहद करीबी माने जाते हैं। राजस्थान से आने वाले माथुर पूर्व में RSS प्रचारक रह चुके हैं और गुजरात में भाजपा प्रभारी भी रहे हैं।

नृपथुंगा विश्वविद्यालय - डॉ-थावरचंद-गहलोतथावरचंद गहलोत – जातीय समीकरण में फिट, वरिष्ठ नेता

कर्नाटक के राज्यपाल और पूर्व केंद्रीय मंत्री थावरचंद गहलोत, 77 वर्ष, दलित समुदाय से आते हैं। वे राज्यसभा में सदन के नेता रह चुके हैं और भाजपा के संसदीय बोर्ड के सदस्य भी रह चुके हैं। उनका प्रशासनिक अनुभव और सामाजिक पृष्ठभूमि उन्हें एक मजबूत दावेदार बनाते हैं।

Harivansh Narayan Singh- The BioDiaryहरिवंश भी हो सकते हैं बैकअप कैंडिडेट

सूत्रों के मुताबिक, यदि एनडीए ओम माथुर या गहलोत पर अंतिम निर्णय नहीं ले पाता, तो मौजूदा उपसभापति हरिवंश को भी भाजपा बैकअप उम्मीदवार के तौर पर खड़ा कर सकती है।

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धनखड़ के अचानक इस्तीफे के बाद देश को एक नए उपराष्ट्रपति की तलाश है। 9 सितंबर को इस पद के लिए होने वाला चुनाव जहां राजनीतिक समीकरणों को नया आयाम देगा, वहीं भाजपा के सामने उपयुक्त चेहरा चुनना भी एक बड़ी रणनीतिक चुनौती होगी।

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विकास कुमार खलखो एक डिजिटल पत्रकार, समाचार संपादक और SEO कंटेंट क्रिएटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव है। उन्होंने BJMC, Master of Journalism (MJ) और M.Phil. (मीडिया स्टडीज़) की डिग्री हासिल की है और दबंग दुनिया, हमर छत्तीसगढ़ योजना, हरिभूमि, सन स्टार डेली न्यूज़ और छत्तीसगढ़ की आवाज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें हिंदी पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज़ कवरेज, SEO-फ्रेंडली कंटेंट राइटिंग, डिजिटल पब्लिशिंग, कंटेंट स्ट्रैटेजी, थंबनेल डिज़ाइन और सोशल मीडिया मैनेजमेंट में विशेष महारत हासिल है। उनका उद्देश्य सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक प्रभावशाली समाचार पहुँचाना और साथ ही उच्च गुणवत्ता वाला डिजिटल कंटेंट तैयार करना है।
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