Sammanpur Nakti: धरसींवा (रायपुर): छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से सटे धरसींवा विधानसभा क्षेत्र में सम्मानपुर-नकटी जमीन बेदखली और बुलडोजर कार्रवाई का मामला अब पूरी तरह से गर्मा गया है। जिला कांग्रेस कमेटी के कड़े निर्देशानुसार, धरसींवा विधानसभा के अंतर्गत आने वाले सभी संगठनात्मक मंडलों में इस घटना को लेकर व्यापक और उग्र विरोध प्रदर्शन किया गया। ब्लॉक कांग्रेस कमेटी धरसींवा के नेतृत्व में लामबंद हुए कांग्रेस पदाधिकारियों, मंडल अध्यक्षों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और सैकड़ों की संख्या में मौजूद कार्यकर्ताओं ने स्थानीय भाजपा विधायक अनुज शर्मा का पुतला दहन किया। इस दौरान भाजपाइयों और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। कांग्रेस ने प्रभावित परिवारों के लिए सम्मानजनक पुनर्वास, उचित मुआवजा और दोषी अधिकारियों पर तत्काल कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की मांग बुलंद की है।
सत्ता के नशे में चूर हैं क्षेत्र के विधायक: भावेश बघेल
विरोध प्रदर्शन को संबोधित करते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष (ओबीसी विभाग) तथा प्रदेश कांग्रेस जांच दल के वरिष्ठ सदस्य भावेश बघेल ने स्थानीय विधायक पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सम्मानपुर-नकटी की घटना सिर्फ कुछ गरीबों के आशियाने उजाड़ने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसने पूरी इंसानियत को शर्मसार कर दिया है। जिन परिवारों के सिर से उनकी छत छीन ली गई, वे आज इस मानसूनी सीजन में न्याय की भीख मांग रहे हैं। लेकिन क्षेत्र के लोकप्रिय कलाकार और वर्तमान विधायक अनुज शर्मा सत्ता के नशे में इतने चूर हो चुके हैं कि उन्हें अपनी ही जनता का दर्द और आंसू दिखाई नहीं दे रहे हैं।
भावेश बघेल ने ग्रामीणों के हवाले से कहा कि दुखी और आक्रोशित ग्रामीणों की यह स्पष्ट भावना है कि जब तक पीड़ितों को पूर्ण न्याय और मुआवजा नहीं मिल जाता, तब तक विधायक अनुज शर्मा को गांव की सीमा में प्रवेश नहीं करना चाहिए। उन्होंने एक बेहद संवेदनशील और गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि प्रशासनिक बुलडोजर की अंधाधुंध कार्रवाई के दौरान मलबे के नीचे कई बेजुबान जानवरों और गौ माता तक के दबे होने की बात सामने आई है। जो भाजपा हर मंच से सनातन और गौवंश की रक्षा का ढिंढोरा पीटती है, उसी के राज में यह अमानवीय कृत्य उसकी कथनी और करनी के दोहरे चरित्र को उजागर करता है।
न्याय मिलने तक सड़क से सदन और कोर्ट तक जारी रहेगा संघर्ष
इस आंदोलन में विशेष रूप से शामिल हुईं धरसींवा की पूर्व विधायक अनीता शर्मा ने भाजपा सरकार की कार्यप्रणाली को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि यह घटना सरकार की घोर संवेदनहीनता का सबसे बड़ा प्रमाण है। मेहनत की कमाई से बनाए घरों को जमींदोज कर दिया गया और जिम्मेदार लोग जवाब देने से भाग रहे हैं। उन्होंने साफ किया कि कांग्रेस पार्टी पहले दिन से ही पीड़ितों के साथ खड़ी है और जब तक आखिरी व्यक्ति को उसका हक नहीं मिल जाता, यह विधिक और राजनैतिक लड़ाई जारी रहेगी।
वहीं, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी धरसींवा के अध्यक्ष आशीष वर्मा ने आंदोलन की रूपरेखा स्पष्ट करते हुए कहा कि कांग्रेस ने इस अन्याय के खिलाफ एक चरणबद्ध और मजबूत रणनीति तैयार कर ली है। यह लड़ाई किसी व्यक्तिगत स्वार्थ की नहीं, बल्कि गरीब, आदिवासी, किसान और वंचित समाज के आत्मसम्मान और मूल अधिकारों की रक्षा की लड़ाई है। आने वाले दिनों में कांग्रेस का एक-एक कार्यकर्ता गांव-गांव और घर-घर जाकर इस दमनकारी नीति का पर्दाफाश करेगा और इस जनआंदोलन को जिला स्तर पर और अधिक उग्र रूप दिया जाएगा।







