CG Breaking : टॉप 9 माओवादी कमांडर ढेर….

CG Breaking : जगदलपुर | केंद्रीय गृह मंत्रालय के सख्त रुख और सुरक्षा बलों के सटीक ऑपरेशनों के कारण, बस्तर से लेकर झारखंड तक माओवादी संगठन की नींव पूरी तरह से हिल चुकी है। सिर्फ इस साल, सुरक्षा बलों ने देशभर में टॉप 9 माओवादी कमांडरों को अलग-अलग मुठभेड़ों में ढेर कर दिया है, जिससे संगठन का शीर्ष नेतृत्व लगभग ध्वस्त हो चुका है।

CG Breaking : इन 9 कमांडरों में से चार बड़े कमांडर केवल बस्तर क्षेत्र में मारे गए हैं, जो इस क्षेत्र में सुरक्षा बलों की सबसे बड़ी सफलता को दर्शाता है।

माओवादी उन्मूलन का निर्णायक वर्ष 2025

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह द्वारा माओवादी उन्मूलन के ऐलान के बाद से, सुरक्षा बलों ने लगातार मोर्चा संभाला है। 2025 में अब तक 9 शीर्ष माओवादी कमांडरों की मौत से संगठन का केंद्रीय ढांचा लगभग ध्वस्त हो चुका है।

READ MORE : Chhattisgarh Congress : जिलाध्यक्षों के ऐलान से पहले घमासान, दावेदारों ने सोशल मीडिया पर जताया ‘धोखे’ का दर्द

बस्तर आईजी सुंदरराज पी. ने पुष्टि की है कि सुरक्षा बलों ने 9 शीर्ष कमांडरों को बेअसर किया है। बस्तर क्षेत्र, जिसे कभी माओवाद का गढ़ माना जाता था, अब सुरक्षा बलों की बड़ी सफलताओं का केंद्र बन गया है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, सिर्फ दो सालों में यहाँ 427 माओवादी मारे जा चुके हैं। स्वयं नक्सलियों ने पर्चा जारी कर पिछले 22 महीनों में 700 नक्सल साथियों के मारे जाने की बात स्वीकारी है।

शीर्ष नेतृत्व का खात्मा: एक टाइमलाइन

सुरक्षा बलों ने इस साल जिन 9 शीर्ष कमांडरों को मार गिराया, उनमें से कई केंद्रीय समिति (CC) और पोलित ब्यूरो (PB) के सदस्य थे:

दिनांक स्थान कमांडर का नाम/पद
21 जनवरी 2025 गरियाबंद (कुल्हाड़ी घाट) केंद्रीय समिति सदस्य जयराम उर्फ़ चलपति
21 अप्रैल 2025 झारखंड (बोकारो) केंद्रीय समिति सदस्य विवेक दा उर्फ प्रयाग मांझी
21 मई 2025 नारायणपुर (माड़) पोलित ब्यूरो महासचिव नंबाल्ला केशव राव उर्फ बसवराजू
5 जून 2025 बीजापुर (नेशनल पार्क) केंद्रीय समिति सदस्य सुधाकर उर्फ नर सिंहाचलम
18 जून 2025 छत्तीसगढ़-तेलंगाना बॉर्डर केंद्रीय समिति सदस्य गजराला रवि उर्फ उदय
11 सितंबर 2025 गरियाबंद (माताल जंगल) केंद्रीय समिति सदस्य मनोज उर्फ मोडेम बालकृष्णा
14 सितंबर 2025 झारखंड (हजारीबाग) केंद्रीय समिति सदस्य सहदेव सोरेन उर्फ प्रवेश
22 सितंबर 2025 नारायणपुर (अबूझमाड़) केंद्रीय समिति सदस्य राजू दादा और कोसा दादा (एक ही ऑपरेशन में)

संगठन में फूट और अंतिम चेतावनी

इन कमांडरों के खात्मे के बाद माओवादी संगठन की रणनीति अस्त-व्यस्त हो चुकी है। सूत्रों के मुताबिक, शीर्ष नेतृत्व के कमजोर पड़ने से संगठन के अंदर असंतोष और अविश्वास बढ़ा है। कई क्षेत्रीय कमांडर अब केंद्रीय आदेशों के बिना ही काम कर रहे हैं, जिससे माओवादी ढांचे में फूट पड़ती दिख रही है।

READ MORE : Katni News : पुलिस पर उपद्रवियों का हमला, दो जवान घायल…..

आईजी सुंदरराज पी. ने बचे हुए शीर्ष नेताओं के लिए आत्मसमर्पण का दरवाजा खुला रखा है। उन्होंने कहा है कि पोलित ब्यूरो सदस्य गणपति, देवजी, चंद्रनना और हिड़मा को आत्मसमर्पण का अवसर दिया गया है।

आईजी ने साफ चेतावनी दी है, “अगर हथियार नहीं डालते, तो परिणाम गंभीर होंगे।” माओवादी संगठन की रीढ़ लगभग टूट चुकी है और फोर्स अब बचे हुए शीर्ष नेताओं पर सटीक कार्रवाई की तैयारी में है। आने वाले महीनों में यह अभियान और तेज़ होगा क्योंकि सरकार का लक्ष्य स्पष्ट है— बस्तर से लेकर झारखंड तक, माओवादी हिंसा का पूर्ण अंत सुनिश्चित करना।

Share The News
[youtube_shorts]

Popular News

CG Transfer Breaking : वाणिज्यिक कर विभाग में बड़ा फेरबदल, 21 कर्मचारियों का तबादला

CG Transfer Breaking :रायपुर। राज्य शासन के वाणिज्यिक कर...

Raipur Police Commissioner: IPS डॉ. संजीव शुक्ला ने संभाला पुलिस आयुक्त का पदभार… जानिए क्या कुछ कहा

Raipur Police Commissioner:रायपुर : रायपुर पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली के...

raipur-gold-shop-robbery-arrest:लक्ष्य ज्वेलर्स चोरी केस: डॉग स्क्वॉड की मदद से पुलिस ने दबोचे आरोपी

raipur-gold-shop-robbery-arrest: राजधानी रायपुर के शंकर नगर स्थित लक्ष्य ज्वेलर्स...

Takhatpur Fire Incident: तखतपुर में आग का तांडव: दमकल पहुंचने से पहले स्वाहा हुई मिठाई दुकान, लाखों का नुकसान

Takhatpur Fire Incident: तखतपुर/बिलासपुर। बिलासपुर जिले के तखतपुर नगर स्थित...

Related Articles

Popular Categories