Singrauli News: सिंगरौली। ऊर्जा नगरी के रूप में पहचाने जाने वाले जिले में राखड़ परिवहन व्यवस्था अब कथित तौर पर भ्रष्टाचार और दबंगई का अड्डा बनती जा रही है। शाहपुर स्थित एनटीपीसी शाहपुर ऐश डैम से जैसे ही राखड़ लोड होकर वाहन रवाना होते हैं, चालकों से “सुविधा शुल्क” के नाम पर तय रकम की खुलेआम अवैध वसूली किए जाने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। पूर्व में कई बार शिकायतें और खबरें प्रकाशित होने के बावजूद न तो प्रशासन ने कोई ठोस कदम उठाया और न ही एनटीपीसी प्रबंधन ने इस कथित वसूली व्यवस्था पर रोक लगाई।
Singrauli News: हर गाड़ी से पैसा तय, न रसीद न नियम
Singrauli News: वाहन चालकों का कहना है कि ऐश डैम में लोडिंग करा रहे कुछ लोडर संचालक संगठित तरीके से प्रत्येक वाहन से निश्चित रकम वसूलते हैं। इसे सुविधा शुल्क का नाम दिया जाता है, जबकि न कोई सुविधा मिलती है और न कोई वैध रसीद। चालकों के मुताबिक यह पूरा नेटवर्क गिरोह की तरह काम कर रहा है, जिसमें कई लोग शामिल हैं।
Singrauli News: रकम नहीं तो लोडिंग रोकने के आरोप
Singrauli News: कुछ चालकों ने बताया कि पैसे देने से इनकार करने पर उनके साथ मारपीट की जाती है, वाहनों में तोड़फोड़ होती है और जानबूझकर घंटों तक लोडिंग रोक दी जाती है। इससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। रोजी-रोटी का सवाल होने के कारण अधिकतर चालक मजबूरी में यह अवैध रकम चुकाने को विवश हैं।
Singrauli News: थानों में भी नहीं होती सुनवाई
Singrauli News: सबसे चौंकाने वाला पहलू यह है कि जब पीड़ित चालक शिकायत लेकर थानों तक पहुंचे, तो वहां भी उन्हें टरका दिया गया। कई मामलों में उल्टा उन्हें ही डांट-फटकार कर शांत करा दिया गया। इससे पुलिस प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि इस कथित अवैध वसूली को कुछ प्रभावशाली लोगों और एनटीपीसी से जुड़े जिम्मेदार अधिकारियों का संरक्षण प्राप्त है।
Singrauli News: यही वजह बताई जा रही है कि न कोई जांच समिति बनी और न ही किसी पर कार्रवाई हुई। वाहन चालकों की उम्मीदें अब जिला प्रशासन पर टिकी हैं। मांग की जा रही है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो, दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए और शाहपुर ऐश डैम से चल रहे इस कथित “गुंडा टैक्स” पर तत्काल रोक लगे।











