Narottam Mishra : भोपाल। मध्य प्रदेश के पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह द्वारा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की सराहना किए जाने पर जोरदार हमला बोला है। डॉ. मिश्रा ने दिग्विजय सिंह के बदले हुए सुरों को पूरी तरह से राजनीतिक पैंतरेबाजी करार देते हुए कहा कि जो व्यक्ति जीवन भर संघ का धुर विरोधी रहा, उसके मुंह से ऐसी बातें शोभा नहीं देतीं। उन्होंने इसे आगामी राज्यसभा चुनावों से जोड़ते हुए ‘प्रेशर पॉलिटिक्स’ का हिस्सा बताया।
डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने तंज भरे लहजे में कहा कि आज जब दिग्विजय सिंह संघ की तारीफ कर रहे हैं, तो ओसामा बिन लादेन की आत्मा दोजख में जार-जार रो रही होगी। उन्होंने जाकिर नाइक का जिक्र करते हुए कहा कि वह भी आज खुद को अनाथ महसूस कर रहा होगा। डॉ. मिश्रा ने कड़े शब्दों में कहा कि दिग्विजय सिंह ही ‘भगवा आतंकवाद’ जैसे विवादित शब्दों के जनक रहे हैं, ऐसे में उनके मुंह से ‘राम-राम’ और संघ की प्रशंसा सुनना किसी अचंभे से कम नहीं है।
पूर्व गृह मंत्री ने इस ‘हृदय परिवर्तन’ के पीछे की क्रोनोलॉजी समझाते हुए कहा कि यह सब कांग्रेस हाईकमान पर दबाव बनाने की रणनीति है। उन्होंने साल 2020 के राज्यसभा चुनाव का उदाहरण देते हुए याद दिलाया कि कैसे उस वक्त दिग्विजय सिंह ने अपनी सीट सुनिश्चित करने के लिए सरकार तक को संकट में डाल दिया था। मिश्रा ने दावा किया कि चूँकि दो महीने बाद फिर से राज्यसभा के चुनाव होने हैं, इसलिए दिग्विजय सिंह अपनी दावेदारी मजबूत करने के लिए ऐसे विरोधाभासी बयान दे रहे हैं।
मिश्रा ने आगे कहा, “दिग्विजय सिंह जी, आपकी और संघ की तारीफ… तौबा रे तौबा! यह केवल एक दिखावा है।” उन्होंने आरोप लगाया कि जब भी राज्यसभा जाने का समय आता है, दिग्विजय सिंह इसी तरह की ‘प्रेशर टेक्टिस’ का उपयोग कर अपनी ही पार्टी के नेतृत्व को हिलाने का काम करते हैं। भाजपा नेता ने स्पष्ट किया कि प्रदेश की जनता और संघ के स्वयंसेवक दिग्विजय सिंह के इतिहास और उनकी मंशा को अच्छी तरह समझते हैं।
इस बयान के बाद मध्य प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर वैचारिक युद्ध छिड़ गया है। डॉ. नरोत्तम मिश्रा का यह बयान सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा इस मुद्दे के जरिए दिग्विजय सिंह की पुरानी छवि और वर्तमान बयानों के विरोधाभास को जनता के सामने रखकर कांग्रेस को रक्षात्मक मुद्रा में लाने की कोशिश कर रही है।
वहीं, कांग्रेस के गलियारों में भी दिग्विजय सिंह के इस बयान और उस पर नरोत्तम मिश्रा के हमले को लेकर सुगबुगाहट तेज हो गई है। राज्यसभा की सीटों के लिए होने वाली रस्साकशी के बीच डॉ. मिश्रा के इस प्रहार ने आगामी चुनावी जंग की बिसात अभी से बिछा दी है।













