Indore News : इंदौर : भगवान बिरसा मुंडा की जयंती के अवसर पर पूरे देशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इस अवसर पर मध्यप्रदेश के लिए यह गर्व की बात है कि राज्य सरकार ने इस दिन को सामाजिक संवेदनशीलता और न्याय के प्रतीक रूप में मनाने का निर्णय लिया है। राज्य में पहली बार ऐसे बंदियों को रिहा किया जा रहा है जिन्होंने अपनी आजीवन कारावास की सजा पूर्ण कर ली है।
Indore News : मध्यप्रदेश पूरे देश में पहला राज्य बन गया है जहाँ जनजातीय गौरव दिवस के उपलक्ष्य में बंदियों की रिहाई की जा रही है। इस विशेष पहल के तहत प्रदेशभर की विभिन्न जेलों से कुल 32 बंदियों को रिहा किया जाएगा। इनमें से दो बंदियों की रिहाई इंदौर की केंद्रीय जेल से होगी। यह निर्णय राज्यपाल महोदय और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के संवेदनशील नेतृत्व में लिया गया है।
Indore News : राज्य सरकार का मानना है कि बिरसा मुंडा की जयंती पर समाज के हाशिये पर खड़े लोगों को नया जीवन देने का यह कदम सच्चे अर्थों में उनके विचारों और आदर्शों को आगे बढ़ाने का प्रयास है। भगवान बिरसा मुंडा ने आदिवासी समाज के उत्थान, स्वतंत्रता और आत्मसम्मान के लिए अपना जीवन समर्पित किया था। उनकी जयंती के अवसर पर बंदियों की रिहाई न केवल करुणा और पुनर्वास की भावना को दर्शाती है, बल्कि यह संदेश भी देती है कि समाज में सुधार और नई शुरुआत के लिए हमेशा अवसर मौजूद है। इस ऐतिहासिक पहल से मध्यप्रदेश ने एक बार फिर जनहित और मानवीय संवेदना की दिशा में उदाहरण प्रस्तुत किया है।











