mahasamund-lpg-scam: महासमुंद जिले में 1.5 करोड़ रुपए कीमत की 92 टन एलपीजी गैस चोरी मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस मामले में जिला खाद्य अधिकारी, गैस एजेंसी संचालक और गैस चूल्हा विक्रेता समेत कुल 6 लोगों को आरोपी बनाया गया है। दो आरोपी अब भी फरार बताए जा रहे हैं।
mahasamund-lpg-scam: पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने फर्जी दस्तावेज और कूटरचना के जरिए जब्त की गई एलपीजी गैस को बेचने की साजिश रची थी। चोरी की गई गैस के लिए अभनपुर स्थित ठाकुर पेट्रोकेमिकल्स से करीब 80 लाख रुपए में डील की गई थी। आरोप है कि रकम का बंटवारा भी किया गया, जिसमें जिला खाद्य अधिकारी को 50 लाख रुपए, गैस एजेंसी संचालक को 20 लाख रुपए और गैस चूल्हा विक्रेता को 10 लाख रुपए मिले।
mahasamund-lpg-scam: जानकारी के मुताबिक दिसंबर 2025 में सिंघोड़ा पुलिस ने एलपीजी से भरे 6 कैप्सूल ट्रक जब्त किए थे। सुरक्षा कारणों से इन्हें सुरक्षित स्थान पर रखने के निर्देश दिए गए थे। बाद में इन्हें अभनपुर के उरला स्थित एक प्लांट में ले जाया गया, जहां कथित तौर पर गैस बेचने की साजिश को अंजाम दिया गया।
mahasamund-lpg-scam: सिंघोड़ा पुलिस ने मामले में कई धाराओं के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू की थी। फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है, जबकि फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।









