Ujjain Raid: उज्जैन। मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले में मिलावटी और संदिग्ध खाद्य पदार्थों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बड़नगर में दो प्रतिष्ठानों पर छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान 372 लीटर देसी घी जब्त किया गया, जिसकी बाजार कीमत करीब 1.37 लाख रुपये आंकी गई है। अधिकारियों को संदेह है कि बाजार मूल्य से काफी कम कीमत पर खरीदा गया यह घी गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं हो सकता। फिलहाल घी के नमूने जांच के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेज दिए गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विशेष अभियान के तहत हुई औचक कार्रवाई
यह कार्रवाई आयुक्त खाद्य सुरक्षा, मध्य प्रदेश एवं उज्जैन कलेक्टर के निर्देश पर जिलेभर में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत की गई। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने रविवार को बड़नगर तहसील में विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने घी की गुणवत्ता, खरीद संबंधी दस्तावेज और स्टॉक का बारीकी से परीक्षण किया।
360 रुपये प्रति लीटर में खरीदा गया घी बना जांच का कारण
Ujjain Raid: सबसे पहले टीम ने नयापुरा स्थित जय भारत एजेंसी पर छापा मारा। यहां ‘श्री कृष्णा देसी घी’ के 200 मिलीलीटर, 500 मिलीलीटर, 1 लीटर और 15 किलोग्राम पैक में बड़ी मात्रा में स्टॉक मिला।
जांच में पता चला कि यह घी इंदौर की वरुण मार्केटिंग से मात्र 360 रुपये प्रति लीटर की दर से खरीदा गया था। बाजार में प्रचलित कीमत की तुलना में यह दर काफी कम होने के कारण अधिकारियों को घी की गुणवत्ता पर संदेह हुआ। इसके बाद विभाग ने 337 लीटर घी, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 1 लाख 21 हजार रुपये है, जब्त कर उसके नमूने परीक्षण के लिए भेज दिए।
दूसरे प्रतिष्ठान से भी मिला संदिग्ध घी
Ujjain Raid: इसके बाद खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने महात्मा गांधी रोड, बड़नगर स्थित एक अन्य प्रतिष्ठान का निरीक्षण किया। यहां डेयरी मिल्क एगमार्क देसी घी का 35 लीटर स्टॉक मिला। प्रथम दृष्टया गुणवत्ता संदिग्ध लगने पर अधिकारियों ने करीब 16,170 रुपये मूल्य का घी जब्त कर उसके नमूने भी जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए।
रिपोर्ट के बाद होगी सख्त कानूनी कार्रवाई
Ujjain Raid: खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जब्त किए गए घी के नमूनों की वैज्ञानिक जांच राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला में की जाएगी। यदि जांच रिपोर्ट में घी मिलावटी, नकली या निर्धारित गुणवत्ता मानकों के विपरीत पाया जाता है, तो संबंधित कारोबारियों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उपभोक्ताओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
Ujjain Raid: खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। विभाग का उद्देश्य आम लोगों तक शुद्ध और सुरक्षित खाद्य सामग्री पहुंचाना है। अधिकारियों ने उपभोक्ताओं से भी अपील की है कि यदि उन्हें किसी खाद्य उत्पाद की गुणवत्ता पर संदेह हो तो तुरंत खाद्य सुरक्षा विभाग को सूचना दें, ताकि समय रहते जांच और कार्रवाई की जा सके।
फिलहाल पूरे मामले में सभी की निगाहें प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं। रिपोर्ट आने के बाद यह साफ होगा कि जब्त किया गया घी गुणवत्ता मानकों पर खरा उतरता है या नहीं। यदि अनियमितता पाई गई तो संबंधित कारोबारियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई तय मानी जा रही है।




