National Clean and Green School Award : घरघोड़ा: स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय (SAGES) रायकेरा में भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय द्वारा संचालित ‘राष्ट्रीय स्वच्छ एवं हरित विद्यालय पुरस्कार योजना’ के तहत महत्वपूर्ण मूल्यांकन प्रक्रिया संपन्न हुई। दिनांक 16 दिसंबर 2025 को राज्य स्तरीय निरीक्षण दल द्वारा विद्यालय का भौतिक सत्यापन और बारीकी से मूल्यांकन किया गया। विद्यालय द्वारा स्वच्छता के मानकों पर किए गए उत्कृष्ट कार्यों की टीम ने सराहना की।
National Clean and Green School Award : राज्य स्तरीय मूल्यांकन टीम में मुख्य रूप से वासुदेव बनमली (प्राचार्य एवं जिला नोडल अधिकारी, गौरेला पेंड्रा मरवाही) और सूरज सिंह बिसेन (प्राचार्य एवं राज्य निरीक्षण दल सदस्य) शामिल रहे। इस दौरान जिला स्तरीय टीम से आलोक स्वर्णकार (DMC रायगढ़), भूपेंद्र कुमार पटेल, अभय कुमार पांडेय, संतोष कुमार सिंह (BEO घरघोड़ा) और अखिलेश कुमार यादव ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और मूल्यांकन प्रक्रिया में सहयोग किया।
National Clean and Green School Award : निरीक्षण दल द्वारा विद्यालय परिसर में जल व्यवस्था, शौचालय की स्थिति, हाथ धुलाई की सुविधा और परिसर के संचालन एवं रखरखाव का गहन निरीक्षण किया गया। इसके साथ ही टीम ने व्यवहार परिवर्तन, क्षमता विकास, पर्यावरण अनुकूल जीवन शैली, रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, जल परीक्षण रिपोर्ट और शिक्षकों के प्रशिक्षण प्रमाण पत्रों का भी भौतिक सत्यापन किया। टीम ने हर एक बिंदु पर विस्तार से चर्चा कर डेटा का मिलान किया।
National Clean and Green School Award : मूल्यांकन के दौरान विद्यालय की व्यवस्थाएं इतनी सुदृढ़ पाई गईं कि निरीक्षण दल ने शत-प्रतिशत (100%) अंक प्राप्त होने पर अत्यधिक प्रसन्नता व्यक्त की। टीम के सदस्यों ने कहा कि रायकेरा विद्यालय ने स्वच्छता और हरित वातावरण के मानकों को जिस तरह धरातल पर उतारा है, वह अन्य शिक्षण संस्थानों के लिए एक प्रेरणा है। इस उपलब्धि के लिए टीम ने विद्यालय परिवार को विशेष रूप से बधाई दी।
National Clean and Green School Award : इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम को सफल बनाने में प्राचार्य शैलेंद्र कुमार कर्ण सहित रामकुमार पटेल, बीर सिंह, श्रीमती अल्मा सोरेंग, श्रीमती दिव्या माधुरी तिग्गा और खेम सिंह राठिया का विशेष योगदान रहा। साथ ही गोकुल नायक, तनुजा यादव, टिकेश प्रधान, दिनेश्वर कुर्रे, श्वेता तिर्की, पद्मावती चेचाम, दशरथ साव, उत्तम नगेसिया, विजय साहू, दयासागर देहरी, मुरलीधर साहू, हितेश्वर निषाद, जग्गू राठिया और ललित सिदार ने भी अपनी सक्रिय सहभागिता निभाई।













