भोपाल : मध्य प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र 16 फरवरी से शुरू होने जा रहा है। इससे पहले ही प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस ने सत्र के दौरान सत्ता पक्ष को कई गंभीर मुद्दों पर घेरने की रणनीति तैयार कर ली है। विपक्ष इन मामलों को लेकर सदन में तीखा विरोध दर्ज कराने की तैयारी में है।
दूषित जल और कफ सिरप मौतों पर स्थगन प्रस्ताव
कांग्रेस का कहना है कि छिंदवाड़ा, बैतूल और पांढुर्णा क्षेत्रों में कथित तौर पर दूषित जल और कफ सिरप के कारण 25 बच्चों की मौत हुई है। इस गंभीर मामले में पार्टी विधानसभा में स्थगन प्रस्ताव लाकर सरकार से जवाब मांगेगी। विपक्ष इसे स्वास्थ्य व्यवस्था और प्रशासनिक निगरानी की बड़ी विफलता के रूप में पेश करने की तैयारी में है।
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मंत्री विजय शाह के बयान पर भी घेराबंदी
कांग्रेस ने मंत्री विजय शाह के उस बयान को भी मुद्दा बनाने का फैसला किया है, जो कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर दिया गया था। पार्टी इस मामले में मंत्री के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाएगी और सरकार के रुख पर सवाल खड़े करेगी। माना जा रहा है कि यह मुद्दा सदन में राजनीतिक टकराव को और बढ़ा सकता है।
सत्र में तीखी बहस के आसार
विपक्षी दलों की आक्रामक रणनीति को देखते हुए बजट सत्र के दौरान तीखी बहस और हंगामे की संभावना जताई जा रही है। कांग्रेस स्वास्थ्य, प्रशासनिक जवाबदेही और राजनीतिक आचरण से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाकर सरकार को कटघरे में खड़ा करना चाहती है।









