Thursday, October 1, 2026
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C.G News : गरियाबंद में बोगस धान खरीदी पर लगाम, लेकिन किसानों की खरीदी प्रभावित, सरकार की पूर्व तैयारी पड़ी कमजोर

गरियाबंद: इस बार समर्थन मूल्य पर धान खरीदी में ओडिशा से धान की आवक रोकने के मामले में पुलिस ने नया रिकॉर्ड बनाया है। देवभोग पुलिस ने अकेले 41 वाहनों से 1576 क्विंटल धान जब्त किया। जिलेभर के अन्य सीमावर्ती थाना मिलाकर कुल 85 वाहनों से 4504.25 क्विंटल धान जब्त किया गया, जिसकी बाजार कीमत लगभग 1 करोड़ 39 लाख रुपये बताई जा रही है।

पुलिस की रणनीति और सख्ती

जिले के पूर्व पुलिस कप्तान निखिल राखेचा और उनके बाद पदस्थ वेद व्रत सिरमौर्य ने अवैध परिवहन रोकने के लिए कारगर रणनीति बनाई थी। 30 से अधिक वाहनों को राजस्व, सहकारिता, मंडी और खाद्य विभाग ने भी जब्त किया, जिससे ओडिशा से धान की अनियंत्रित आवक पर नियंत्रण मिला।

किसानों की खरीदी प्रभावित

हालांकि कार्रवाई सफल रही, लेकिन खरीदी केंद्र पर इसका असर साफ नजर आया। 259 किसानों के 13 हजार क्विंटल धान के टोकन निरस्त हो गए। देवभोग के 9 केंद्रों में 112 किसानों का 6110 क्विंटल टोकन निरस्त हुआ, जबकि गोहरापदर के 12 केंद्रों में 147 किसानों का 6900 क्विंटल टोकन निरस्त किया गया। इससे किसानों को खरीदी में मुश्किलों का सामना करना पड़ा।

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जिला खाद्य अधिकारी का बयान

जिला खाद्य अधिकारी अरविंद दुबे ने कहा कि कार्रवाई और निगरानी के चलते धान की आवक केंद्रों में उत्पादित मात्रा के अनुकूल बनी। हालांकि, यह भी माना गया कि छत्तीसगढ़ सरकार की पूर्व तैयारी और किसानों के लिए वैकल्पिक उपाय सीमित थे, जिससे कई किसानों की खरीदी प्रभावित हुई।

तहसीलदार की टिप्पणी

देवभोग तहसीलदार अजय चंद्रवंशी ने बताया कि कार्रवाई से बोगस खरीदी पर लगाम लगा, लेकिन ओडिशा पर निर्भरता पूरी तरह खत्म नहीं हुई। उत्पादन कम होने पर किसानों के रकबे का समर्पण कराया जा रहा है और पटवारियों से भौतिक सत्यापन कराया जाएगा।

विशेषज्ञों का मानना है कि पुलिस और प्रशासन की तत्परता प्रशंसनीय है, लेकिन छत्तीसगढ़ सरकार की पूर्व योजना और स्थानीय किसानों को राहत देने के प्रावधान पर्याप्त नहीं थे। इससे खरीदी प्रभावित हुई और किसानों को समय पर समर्थन मूल्य पर धान बेचने में परेशानी हुई।

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