Jabalpur Congress Protest: जबलपुर। अयोध्या के राम मंदिर निर्माण और उससे जुड़े ट्रस्ट में कथित वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों को लेकर कांग्रेस ने जबलपुर में अनोखे अंदाज में विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शहर में ‘सद्बुद्धि यज्ञ’ और हवन का आयोजन कर भगवान श्रीराम एवं बजरंगबली से प्रार्थना की कि जिन लोगों पर कथित तौर पर भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं के आरोप हैं, उन्हें सद्बुद्धि मिले और मामले की निष्पक्ष जांच हो।इस दौरान कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार पर भी निशाना साधते हुए पूरे मामले की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
हवन और सुंदरकांड पाठ के जरिए जताया विरोध
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने धार्मिक अनुष्ठान के रूप में हवन किया और इसके बाद सुंदरकांड पाठ एवं आरती का आयोजन भी किया। नेताओं का कहना था कि यह कार्यक्रम किसी धार्मिक भावना को ठेस पहुंचाने के लिए नहीं, बल्कि भगवान के नाम पर कथित भ्रष्टाचार के विरोध में आयोजित किया गया है।
पूर्व विधायक विनय सक्सेना ने लगाए आरोप
Jabalpur Congress Protest: मीडिया से चर्चा के दौरान कांग्रेस के पूर्व विधायक विनय सक्सेना ने आरोप लगाया कि देशभर के करोड़ों राम भक्तों ने पूरी श्रद्धा और विश्वास के साथ राम मंदिर निर्माण के लिए दान दिया था, लेकिन उस धन के उपयोग को लेकर अब गंभीर सवाल उठ रहे हैं।उन्होंने आरोप लगाया कि जिन लोगों पर करोड़ों रुपये के कथित घोटाले के आरोप हैं या जो जांच एजेंसियों के दायरे में बताए जा रहे हैं, उन्हें ही महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग
कांग्रेस नेताओं ने मांग की कि राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े सभी आरोपों की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराई जाए। यदि जांच में कोई व्यक्ति दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कड़ी कार्रवाई की जाए।नेताओं का कहना था कि करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था सर्वोपरि है और यदि किसी स्तर पर वित्तीय अनियमितता हुई है तो उसकी सच्चाई सामने आनी चाहिए।
आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं
Jabalpur Congress Protest: फिलहाल कांग्रेस द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। संबंधित पक्षों की ओर से इन आरोपों पर क्या प्रतिक्रिया है, इसकी प्रतीक्षा की जा रही है।यह विरोध प्रदर्शन राजनीतिक और धार्मिक दोनों दृष्टि से चर्चा का विषय बना रहा, जहां कांग्रेस ने इसे आस्था और पारदर्शिता का मुद्दा बताया।







