Batar Accident : बस्तर: बस्तर जिले से मिल रही एक बड़ी खबर के अनुसार यहां बस्तर ओलंपिक (Bastar Olympic) में शामिल होने जा रहे बच्चों के साथ एक बड़ा हादसा सामने आया है।
मिली जानकारी के अनुसार यहां आज यानी बुधवार 5 नवंबर के दिन बच्चों से भरी एक मालवाहक गाड़ी भयानक दुर्घटना का शिकार हो गई। ख़बरों के अनुसार यह भीषण सड़क हादसा धुरली और भांसी के बीच हुआ, जिसके परिणामस्वरूप कई बच्चे भी घायल हो गए हैं। सभी घायलों को अपोलो अस्पताल बचेली (Apollo Hospital Bacheli) पहुंचाया गया।
Batar Accident : घटना में करीब दर्जनभर बच्चे गंभीर रूप से घायल
मामले पर मिली जानकारी के अनुसार, बस्तर ओलंपिक में भाग लेने के लिए बच्चों को लेकर जा रही यह मालवाहक गाड़ी अचानक अनियंत्रित हो गई और दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस दुखद घटना में करीब दर्जनभर बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए हैं वहीं वाहन में सवार अन्य बच्चों को भी मामूली चोटें आई हैं। दुर्घटना के तुरंत बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
जानें क्या है हादसा
जानकारी के अनुसार स्थानीय कन्या और बालक आश्रम (Kanya and Balak Ashram) के लगभग 25 बच्चे ओलंपिक में भाग लेने के लिए पैदल ही निकले हुए थे। वहीं रास्ते में थकान के कारण उन्होंने सड़क जाते हुए एक मालवाहक वाहन से लिफ्ट (Lift) मांगी थी।
हालाँकि चालक ने इस बात पहले तो मना किया, लेकिन फिर मानवता के नाते उसने बच्चों को गाड़ी में बैठा लिया। कुछ ही दूर जाने के बाद यह वाहन अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गया था। हादसे के बाद आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे और जैसे-तैसे बच्चों को बाहर निकालकर अस्पताल भेजा।
स्थानीय लोगों ने किया बचाव कार्य
वहीं घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग तुरंत बचाव कार्य के लिए मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घायल बच्चों को प्राथमिकता के आधार पर सहायता पहुंचाई। सभी घायल बच्चों को बिना किसी देरी के नजदीकी चिकित्सा केंद्र ले जाया गया है। मानवीयता दिखाते हुए स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को अपोलो अस्पताल बचेली (Apollo Hospital Bacheli) पहुंचाया गया।
घटना के बाद अपोलो अस्पताल बचेली में इन सभी घायल बच्चों का इलाज तत्काल शुरू कर दिया गया है। अस्पताल के डॉक्टर बच्चों के स्वास्थ्य पर कड़ी निगरानी रखे हुए हैं। अस्पताल के डॉक्टरों की मानें तो फिलहाल सभी घायल बच्चों की हालत अब खतरे से बाहर है। दुर्घटना के कारणों की जांच जारी है, और वहीँ प्रशासन बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कदम उठा रहा है।











