रायपुर। छत्तीसगढ़ में धान खरीदी को लेकर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की कैबिनेट बैठक में लिए गए फैसले के बाद, चीफ दीपक बैज ने सरकार पर हमला बोला है और कई अहम मुद्दों पर बयान दिए हैं।
धान खरीदी और समर्थन मूल्य पर मांग
साय कैबिनेट ने धान खरीदी नवंबर से शुरू करने का फैसला लिया है। इस पर चीफ दीपक बैज ने सरकार से पुनर्विचार करने की मांग की है।
खरीदी की तारीख: बैज ने धान खरीदी नवंबर से शुरू करने की मांग की है, ताकि किसानों को जल्द राहत मिल सके।
समर्थन मूल्य: उन्होंने रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य को बढ़ाकर रुपये प्रति क्विंटल करने की भी मांग की। उन्होंने तर्क दिया कि केंद्र सरकार ने दो बार में बढ़ोतरी की है, इसलिए राज्य सरकार को भी यह लाभ किसानों तक पहुंचाना चाहिए।
गाय को ‘राजमाता’ का दर्जा और का प्रोपेगैंडा
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के “गाय को राजमाता का दर्जा देने” वाले बयान पर दीपक बैज ने पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह बयान का पॉलिटिकल प्रोपेगैंडा है। उन्होंने पिछली सरकार के कार्यकाल में हुई गायों की मौत का मुद्दा उठाते हुए पूछा कि “ लाख गाय कहाँ चली गई, यह को बताना चाहिए।”
कवर्धा विवाद और मंत्री कश्यप पर पलटवार
कवर्धा विवाद: बैज ने कवर्धा में युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ भाजयुमो कार्यकर्ताओं द्वारा की गई मारपीट की निंदा की। उन्होंने कहा कि युवा कांग्रेस लोकतांत्रिक तरीके से प्रदर्शन कर रही थी, लेकिन भाजयुमो नेताओं ने अपशब्दों का इस्तेमाल किया और मारपीट की। उन्होंने चेतावनी दी कि नवंबर को प्रधानमंत्री के आगमन पर कांग्रेस विरोध प्रदर्शन करेगी।
पश्चाताप यात्रा पर पलटवार: मंत्री केदार कश्यप द्वारा कांग्रेस को ‘पश्चाताप यात्रा’ निकालने की सलाह देने पर बैज ने पलटवार करते हुए कहा कि पश्चाताप यात्रा तो को निकालनी चाहिए, क्योंकि उन्होंने झूठ बोलकर साल तक सत्ता में रहने के बावजूद किसानों को दो साल का बोनस तक नहीं दिया। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस ने कर्जा माफ किया और घोषणा के मुताबिक धान खरीदा।
संगठनात्मक मामलों पर सफाई
जिला अध्यक्ष चयन प्रक्रिया पर मंत्री कश्यप द्वारा निशाना साधने के मामले पर दीपक बैज ने जवाब दिया कि कांग्रेस में लोकतांत्रिक तरीके से जिला अध्यक्ष का चयन हो रहा है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि “हमारे यहां पर्ची से मंत्री और मुख्यमंत्री बनाने का चलन नहीं है,” कांग्रेस में पारदर्शी व्यवस्था है। उन्होंने बताया कि दीपावली से पहले को पर्यवेक्षक अपनी रिपोर्ट देंगे और महिला, युवा को प्रतिशत पदों पर तरजीह देने की सोच है।
किसान और ओलंपिक पर भ्रष्टाचार का आरोप
किसान नाराजगी: भारतीय किसान संघ के प्रदर्शन और घेराव के ऐलान पर बैज ने कहा कि किसान परेशान हैं तो नाराज तो होंगे ही, क्योंकि उन्हें समय पर खाद-बीज नहीं मिला और बिजली बिल में दो गुना बढ़ोतरी हुई है।
सरगुजा ओलंपिक: बस्तर ओलंपिक में रुपये का ट्रैक सूट रुपये में खरीदे जाने का आरोप लगाते हुए, बैज ने कहा कि अब सरगुजा ओलंपिक के नाम पर भ्रष्टाचार की नई दुकान खोली जा रही है।













