सिंगरौली (मध्यप्रदेश)। Singrauli News : जिले के बैढ़न ब्लॉक के लंघाडोल क्षेत्र में शिक्षा विभाग की लापरवाही का बड़ा मामला सामने आया है। यहां MVN विद्यालय, जिसकी मान्यता 31 मार्च 2025 को समाप्त कर दी गई थी, वह अब भी धड़ल्ले से कक्षा 1 से 8 तक बच्चों की पढ़ाई करा रहा है। ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (BEO) ने स्कूल प्रबंधन को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि बच्चों का दाखिला नजदीकी सरकारी स्कूलों में स्थानांतरित कर इसकी सूचना उच्चाधिकारियों को दी जाए, अन्यथा ₹1 लाख तक का जुर्माना लगाया जाएगा। लेकिन आदेश महज़ कागजों में सिमट कर रह गया और स्कूल प्रबंधन ने निर्देशों की खुली अवहेलना कर रखी है।
Singrauli News : विद्यालय में पढ़ रहे बच्चों का कहना है कि उनका दाखिला अब भी MVN विद्यालय के नाम पर ही दिखाया जा रहा है। जब इस पूरे मामले पर शिक्षकों से प्रतिक्रिया मांगी गई तो उन्होंने चुप्पी साध ली और सवालों का जवाब देने से इनकार कर दिया।
शासन-प्रशासन की ढिलाई ने बच्चों का भविष्य अधर में डाल दिया है। शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन की नाक के नीचे एक अवैध स्कूल संचालित हो रहा है और जिम्मेदार अधिकारी तमाशबीन बने हुए हैं। इस स्थिति ने सैकड़ों बच्चों की शिक्षा पर संकट खड़ा कर दिया है।
अब बड़ा सवाल ये है कि — क्या शिक्षा विभाग और प्रशासन स्कूल प्रबंधन पर कोई कड़ी कार्रवाई करेगा? या बच्चों के भविष्य के साथ यह खिलवाड़ यूं ही जारी रहेगा?













