Drug Bust CG: गौरी शंकर गुप्ता/रायगढ़। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) श्री शशि मोहन सिंह के कुशल दिशा-निर्देशन और कड़े रुख के बाद जिले में नशा माफियाओं के खिलाफ चलाया जा रहा “ऑपरेशन आघात” पूरी रंगत में आ गया है। इसी कड़ी में चक्रधरनगर थाना और जिला साइबर सेल की संयुक्त टीम ने तत्परता दिखाते हुए एक बड़े अंतर्राज्यीय नशा तस्कर को रंगे हाथों गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से भारी मात्रा में प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शन बरामद किए हैं, जिन्हें वह रायगढ़ शहर के युवाओं और नाबालिगों के बीच खपाने की फिराक में था। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
मरीन ड्राइव रोजगार कार्यालय के पास घेराबंदी कर दबोचा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) श्री अनिल सोनी एवं सीएसपी श्री मयंक मिश्रा के मार्गदर्शन में पुलिस की विशेष टीम लगातार सक्रिय थी। इसी दौरान मुखबिर से एक पुख्ता इनपुट मिला कि मरीन ड्राइव स्थित रोजगार कार्यालय के पास पंजरी प्लांट क्षेत्र में एक संदिग्ध युवक भारी मात्रा में प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शन लेकर ग्राहकों की तलाश में बैठा हुआ है। सूचना मिलते ही चक्रधरनगर और साइबर पुलिस ने जाल बिछाया और इलाके की घेराबंदी कर दी। पुलिस टीम को अचानक सामने देख आरोपी ने भागने की कोशिश की, लेकिन मुस्तैद जवानों ने उसे मौके पर ही धर दबोचा।
ओडिशा का रहने वाला है आरोपी, कोई वैध दस्तावेज नहीं मिले पूछताछ में पकड़े गए आरोपी ने अपना नाम मनीष डंडरिया (22 वर्ष), निवासी नवधा चौक, गंगानगर (झारसुगुड़ा, ओडिशा) बताया, जो वर्तमान में कोतरारोड थाना क्षेत्र के किरोड़ीमलनगर (आजाद चौक) में रह रहा था। तलाशी लेने पर उसके पास मौजूद प्लास्टिक के थैले से 98 नग ‘पेंटाजोसिन लैक्टेट’ (NRXPENTAZOCINE LACTATE INJECTION I.P. – ZOXIFIX) नामक प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शन बरामद हुए। बरामद दवाइयों की वैध खरीद-बिक्री या परिवहन के संबंध में आरोपी पुलिस के समक्ष कोई भी वैध डॉक्टर का पर्चा या लाइसेंस प्रस्तुत नहीं कर सका। पुलिस ने गवाहों की मौजूदगी में माल जब्त कर पूरी आपूर्ति श्रृंखला (सप्लाई चेन) खंगालनी शुरू कर दी है।
श्री सुशांतो बनर्जी, डीएसपी रायगढ़
टीम की शानदार भूमिका, एसएसपी ने की तारीफ इस सफल कार्रवाई में चक्रधरनगर थाना प्रभारी निरीक्षक राकेश मिश्रा, साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक विजय चेलक, उप निरीक्षक गेंदलाल साहू, सहायक उप निरीक्षक भागीरथी चौहान, प्रधान आरक्षक एन. बालचंद मोहन राव, रूपराम पटेल सहित आरक्षक धर्मेन्द्र सिंह, मनोज पटनायक, रोशन एक्का, चन्द्र कुमार बंजारे, जितेन्द्र कुर्रे और मिनकेतन पटेल की मुख्य भूमिका रही।
युवा पीढ़ी को नशे के दलदल में धकेलने वाले और प्रतिबंधित रसायनों की तस्करी करने वाले समाज विरोधी तत्वों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। रायगढ़ पुलिस इस पूरे रैकेट को जड़ से खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है। समाज को नशामुक्त और सुरक्षित बनाने के लिए आम नागरिकों को भी आगे आना होगा और ऐसे किसी भी संदिग्ध अवैध धंधे की सूचना तत्काल पुलिस को देनी होगी। — श्री शशि मोहन सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP), रायगढ़









