Drug Peddler Arrested: गौरी शंकर गुप्ता/रायगढ़। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के कुशल दिशा-निर्देशन में जिले में चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन आघात” के तहत कोतवाली पुलिस को एक और बड़ी कामयाबी मिली है। युवाओं और नाबालिग बच्चों को प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शनों के जाल में धकेलने वाले गिरोह के खिलाफ कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मुख्य कड़ी को ढूंढ निकाला है। पूर्व में गिरफ्तार आरोपियों से मिली लीड के आधार पर कोतवाली पुलिस ने खरसिया निवासी मुख्य सप्लायर सुनील श्रीवास उर्फ सुनील ठाकुर को रायगढ़ रेलवे स्टेशन के पास से घेराबंदी कर धर दबोचा है। आरोपी ने पूछताछ में रायगढ़ क्षेत्र में बड़े पैमाने पर नशीले इंजेक्शनों की सप्लाई करने की बात कबूल कर ली है।
रामलीला मैदान से शुरू हुई थी जांच की कड़ियां
इस पूरे मामले का खुलासा बीते 26 मई 2026 को हुआ था, जब साइबर सेल और कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम ने रामलीला मैदान के पास दबिश देकर मोटरसाइकिल पर सवार सूरज पंडित और विमल केरकेट्टा को पकड़ा था। तलाशी में इनके पास से 24 नग प्रतिबंधित ‘बुटर्म’ (Butorphanol Tartrate) नशीले इंजेक्शन, सिरिंज और नकदी बरामद हुई थी। पूछताछ में इन दोनों ने बताया था कि वे खरसिया निवासी सरोज यादव उर्फ बबलू यादव से यह माल खरीदते थे। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए सरोज यादव को भी घड़ी चौक के पास से गिरफ्तार कर लिया था।
पूछताछ में हुआ मुख्य सप्लायर का खुलासा
गिरफ्तार आरोपी सरोज यादव से जब पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की, तो इस पूरे रैकेट के मुख्य सप्लायर का नाम सामने आया। उसने स्वीकार किया कि उसे नशीले इंजेक्शनों की यह खेप खरसिया की पुरानी बस्ती निवासी सुनील श्रीवास उर्फ सुनील ठाकुर द्वारा उपलब्ध कराई गई थी। इनपुट मिलते ही कोतवाली पुलिस की पेट्रोलिंग टीम अलर्ट हुई और तकनीकी सर्विलांस की मदद से आरोपी सुनील श्रीवास (35 वर्ष) को रायगढ़ रेलवे स्टेशन के पास से हिरासत में ले लिया गया। आरोपी सुनील ने सरोज को 50 नग बुट्रम नशीले इंजेक्शन बेचना स्वीकार किया है। उसके पास से वारदात में इस्तेमाल मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है।
जेजे एक्ट और बीएनएस की धाराओं में कार्रवाई
पुलिस ने आरोपी सुनील श्रीवास के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 279/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 123, 275, 286 और किशोर न्याय (बालकों की देखरेख और संरक्षण) अधिनियम (JJ Act) की धारा 77 के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। कोतवाली पुलिस इस गिरोह से जुड़े अन्य तस्करों और मेडिकल स्टोर संचालकों की भूमिका की भी सघन जांच कर रही है।
नाबालिग बच्चों और युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले नशा माफियाओं के खिलाफ रायगढ़ पुलिस पूरी तरह सख्त है। ‘ऑपरेशन आघात’ के माध्यम से इस काले कारोबार की अंतिम कड़ी तक पहुंचकर नेस्तनाबूद किया जाएगा। समाज को इस सामाजिक बुराई से बचाने के लिए जनता का सहयोग भी बेहद जरूरी है।
— श्री शशि मोहन सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP), रायगढ़









