बालाघाट। जिले के हट्टा थाना अंतर्गत ग्राम तिलपेवाड़ा पुलिया के पास विगत 19 मई की रात एक बड़ी वारदात सामने आई थी। यहाँ भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष और ग्राम पंचायत मोहगांव खुर्द के उप सरपंच पवन पारधी पर कुछ अज्ञात लोगों ने जानलेवा हमला कर दिया था। इस हमले में गंभीर रूप से घायल पवन पारधी का इस समय जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। इस घटना के बाद से ही क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मियां काफी तेज हो गई हैं और पुलिस मामले की बारीकी से जांच कर रही है।
पीड़ित ने लगाया था रेत विवाद और हमले का आरोप
घटना के तुरंत बाद पीड़ित पवन पारधी ने इस हमले के लिए सीधे तौर पर भाजपा उपाध्यक्ष गुड्डू पारधी के भांजे तपेश रिनायत और अन्य चार-पांच लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। इसके साथ ही उन्होंने इस पूरे हमले का मास्टरमाइंड भाजपा उपाध्यक्ष गुड्डू पारधी को बताया था। पवन पारधी ने पुलिस को दिए शुरुआती बयान में आरोप लगाया था कि गुड्डू पारधी उन पर रेत की अवैध गाड़ी पकड़वाने का शक करता था। यही कारण है कि रंजिश के चलते उन पर यह जानलेवा हमला करवाया गया।
भाजपा उपाध्यक्ष ने आरोपों को बताया सोची-समझी साजिश
इस गंभीर मामले को लेकर अब भाजपा उपाध्यक्ष गुड्डू पारधी ने मीडिया के सामने आकर अपना पक्ष मजबूती से रखा है। उन्होंने बताया कि घटना की रात वे एक पारिवारिक शादी समारोह में शामिल होने गए हुए थे। वहां से वापसी के दौरान उन्होंने ग्राम हट्टा में अपनी गाड़ी में पेट्रोल भी भराया था। गुड्डू पारधी ने स्पष्ट किया कि उक्त मारपीट वाले मामले से उनका दूर-दूर तक कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने कहा कि वे उस समय घटनास्थल पर मौजूद ही नहीं थे।
पद से हटाए जाने की जलन का दावा
गुड्डू पारधी ने इस पूरे विवाद के पीछे राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता को मुख्य वजह बताया है। उन्होंने कहा कि पार्टी ने कुछ समय पहले पवन पारधी को मंडल अध्यक्ष पद से हटाकर उन्हें जिला उपाध्यक्ष नियुक्त किया था। इसके परिणामस्वरूप संभवतः इसी बात की जलन और क्षेत्र में उनकी बढ़ती लोकप्रियता के कारण पवन ने उन्हें इस झूठे मामले में फंसाने की साजिश रची है। उन्होंने प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने की मांग की है।
पीड़ित के बयान में आया बड़ा यू-टर्न
इधर जिला अस्पताल में स्वास्थ्य लाभ ले रहे पीड़ित पवन पारधी के बयानों में भी अब एक बड़ा मोड़ देखने को मिला है। पवन पारधी ने बताया कि घटना के दिन उनके सिर में काफी गहरी चोट लगी थी, जिसके कारण वे पूरी तरह होश में नहीं थे। चूंकि हमला करने आया आरोपी भांजा बार-बार अपने मामा गुड्डू पारधी का नाम ले रहा था और उनकी धौंस दिखा रहा था, इसीलिए उन्होंने पुलिस को दिए बयान में गुड्डू पारधी का नाम लिखा दिया था। उन्होंने अब स्वीकार किया है कि गुड्डू पारधी से उनकी कोई व्यक्तिगत रंजिश नहीं है।









