निशानेबाज न्यूज़ डेस्क : शाजापुर जिले के नोलाया स्थित दिव्य सृष्टि वेयरहाउस गेहूं खरीदी केंद्र पर इन दिनों भारी अनियमितताएं सामने आ रही हैं। शासन के निर्देशों के मुताबिक एक बोरी में अधिकतम 50 किलो 600 ग्राम गेहूं तौला जाना चाहिए, लेकिन यहां किसानों से इससे ज्यादा वजन लिया जा रहा है। इससे किसानों को सीधे आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा है।
एक महीने बाद भी नहीं बने चेक
खरीदी केंद्र से जुड़े किसानों का आरोप है कि सोसाइटी में राशि जमा किए एक महीने से ज्यादा समय बीत चुका है, लेकिन अब तक उनके चेक तैयार नहीं हुए हैं। किसान रोजाना सोसाइटी के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन उन्हें कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिल रहा।
खराब गेहूं की खरीदी, सफाई व्यवस्था ठप
केंद्र पर खराब गुणवत्ता का गेहूं खरीदे जाने के भी आरोप लगे हैं। यहां सफाई के लिए लगाए गए पंखे बंद पड़े हैं, जिससे मिट्टी और कचरे से भरा गेहूं सीधे बोरियों में भरा जा रहा है। इससे पूरी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
बुनियादी सुविधाओं का अभाव
भीषण गर्मी के बावजूद किसानों के लिए न तो छाया की व्यवस्था है और न ही पीने के पानी की सुविधा। ऐसे में किसानों को घंटों धूप में खड़े रहकर अपनी बारी का इंतजार करना पड़ रहा है।
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बारदानों में गड़बड़ी, आदेशों की अनदेखी
कलेक्टर द्वारा बारदानों पर साफ छपाई और व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन नोलाया केंद्र पर इनका पालन नहीं हो रहा। कई बोरियों पर छपाई अधूरी या नाम मात्र की है, जिससे भविष्य में गड़बड़ी की आशंका बनी हुई है।
प्रबंधन पर गंभीर आरोप
किसानों ने केंद्र के प्रबंधक पर मनमानी और मिलीभगत के आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि शिकायतों के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हो रही, जिससे प्रबंधन के रवैये पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
प्रशासन की भूमिका पर सवाल
इस पूरे मामले ने प्रशासनिक दावों की पोल खोल दी है। किसानों के हितों की बात करने वाले दावे जमीनी स्तर पर कमजोर नजर आ रहे हैं। अब देखना होगा कि जिला प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और दोषियों पर कार्रवाई होती है या नहीं।











