Youth Congress Delhi Protest :गौरी शंकर गुप्ता/नई दिल्ली/रायगढ़ (28 फरवरी 2026): भारत मण्डपम में आयोजित एआई समिट (AI Summit) के दौरान प्रधानमंत्री के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के बाद शुरू हुआ राजनीतिक ड्रामा आज राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब की जमानत के साथ एक पड़ाव पर पहुँचा। इस पूरे घटनाक्रम में रायगढ़ जिले की युवा कांग्रेस टीम ने दिल्ली के रण में अपनी सक्रिय भागीदारी से सबको चौंका दिया। रायगढ़ जिला अध्यक्ष उस्मान बेग और प्रदेश महासचिव राकेश पांडे गिरफ्तारी से लेकर रिहाई तक दिल्ली के मोर्चे पर डटे रहे।
दिल्ली की सड़कों पर रायगढ़ का ‘जोश’ राष्ट्रीय अध्यक्ष की गिरफ्तारी के तुरंत बाद राकेश पांडे और उस्मान बेग अपनी पूरी टीम के साथ राजधानी दिल्ली पहुँचे। उन्होंने अखिल भारतीय युवा कांग्रेस कार्यालय से लेकर अदालती कार्यवाही तक हर मोर्चे पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। दिल्ली में लगातार जारी धरनों, रणनीतिक बैठकों और विरोध मार्चों में रायगढ़ की टीम अग्रिम पंक्ति में नज़र आई। प्रदेश अध्यक्ष और प्रभारियों के साथ समन्वय बिठाकर इन्होंने आंदोलन को धार दी।
अदालत से मिली राहत, रखी गईं शर्तें लगातार कानूनी दबाव और युवा कांग्रेस के संघर्ष के बाद आज दिल्ली की अदालत ने उदय भानु चिब को ₹50,000 के व्यक्तिगत बॉन्ड पर जमानत दे दी। हालांकि, कोर्ट ने निर्देश दिया है कि उन्हें अपना पासपोर्ट और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जमा करने होंगे। इस जीत पर उस्मान बेग ने कहा, “यह लड़ाई केवल एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि युवाओं के संवैधानिक अधिकारों की थी। हमने दिल्ली की धरती से स्पष्ट कर दिया कि युवा शक्ति झुकने वाली नहीं है।”
रायगढ़ के हर ब्लॉक में फूटा गुस्सा दिल्ली में जब उस्मान बेग और राकेश पांडे आंदोलन का नेतृत्व कर रहे थे, ठीक उसी समय उनके निर्देश पर रायगढ़ जिले के प्रत्येक ब्लॉक मुख्यालय में प्रधानमंत्री का प्रतीकात्मक पुतला दहन किया गया। कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर गिरफ्तारी को लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताया। राकेश पांडे ने कड़े शब्दों में कहा, “दमनकारी नीतियों का जवाब युवा कांग्रेस लोकतांत्रिक तरीके से देगी; संघर्ष ही हमारी पहचान है।”











