नई दिल्ली/वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ‘एपस्टीन फाइल्स ट्रांसपेरेंसी एक्ट’ पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। इसके तहत अमेरिकी कानून मंत्रालय को 30 दिनों के भीतर जेफरी एपस्टीन के यौन अपराधों से जुड़ी सभी फाइलें, कम्यूनिकेशन और 2019 में उनकी जेल मौत की जांच की जानकारी सार्वजनिक करनी होगी।
जेफरी एपस्टीन कौन थे?
जानकारी दें कि,जेफरी एपस्टीन एक अमेरिकी फाइनेंसर और निवेशक थे। उन पर सेक्स ट्रैफिकिंग, नाबालिग लड़कियों का शोषण और संगठित अपराध के आरोप लगे थे। वे अमीरों, राजनेताओं, सेलिब्रिटीज और वैज्ञानिकों के सर्कल में शामिल थे। 2019 में जेल में उनकी मौत हुई, जिसे आधिकारिक रूप से सुसाइड बताया गया, लेकिन इसके पीछे कई सवाल उठे।
एपस्टीन फाइल्स क्या हैं?
एपस्टीन फाइल्स मुख्य रूप से 2015 में वर्जीनिया रॉबर्ट्स ग्यूफ्रे द्वारा घिस्लेन मैक्सवेल के खिलाफ दायर डिफेमेशन लॉसूट से जुड़े कोर्ट डॉक्यूमेंट्स हैं। इन दस्तावेजों में:
- फ्लाइट लॉग्स
- गवाहियों की डिपोजिशन्स
- ईमेल्स
- मोटेशन्स
शामिल हैं। लगभग 200 नामों का जिक्र है, जो एपस्टीन के सामाजिक और वित्तीय नेटवर्क से जुड़े हैं।
2025 में नई डेवलपमेंट्स
- अमेरिकी कांग्रेस ने एपस्टीन के एस्टेट से नए ईमेल और दस्तावेज मांगे हैं।
- ट्रंप ने अटॉर्नी जनरल को निर्देश दिए कि वे बिल क्लिंटन और अन्य लोगों के एपस्टीन से संबंधों की जांच करें।
- डेमोक्रेटिक ओवरसाइट कमिटी ने तीसरी बैच की फाइल्स जारी की, जिसमें एलन मस्क, पीटर थिएल और स्टीव बैनन जैसे नाम शामिल हैं।
- पीड़िताओं ने एक “क्लाइंट लिस्ट” बनाने की घोषणा की, जिसमें एपस्टीन के सहयोगियों के नाम शामिल होंगे।
राष्ट्रपति, राजनेता और अधिकारी कैसे जुड़े?
एपस्टीन का नेटवर्क बड़ा था क्योंकि वे फाइनेंशियल एडवाइजर के रूप में अमीरों और राजनीतिक पार्टियों से जुड़े रहे। वे डोनेशन देते, पार्टियां आयोजित करते और कई पॉलिटिशियंस को लोन या ट्रिप्स पर ले जाते थे।
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हालांकि अब तक जांच में साबित नहीं हुआ कि सभी आरोपी अपराधों में शामिल थे। एपस्टीन और मैक्सवेल नाबालिग लड़कियों को “मसाज” के बहाने बुलाकर सेक्सुअल एक्सप्लॉइटेशन करते थे।
हालांकि अब जब एपस्टीन फाइल्स अब जनता के लिए पूरी तरह से खुलने जा रही हैं। 200 से ज्यादा नाम और दस्तावेज़ उनके नेटवर्क और अपराधों से जुड़े रहस्य उजागर करेंगे। ट्रंप के हस्ताक्षर के बाद पारदर्शिता बढ़ी है और हाई‑प्रोफाइल लोगों की जांच संभव होगी।











