Raisen News: राजू बैरागी /बरेली रायसेन: बरेली (रायसेन)। बरेली थाना क्षेत्र के ग्राम गुरारिया में कथित रूप से हो रही अवैध शराब बिक्री के विरोध में शुक्रवार को ग्रामीण महिलाओं का आक्रोश खुलकर सामने आया। सैकड़ों की संख्या में महिलाएं बरेली थाने पहुंचीं और थाना प्रभारी कपिल गुप्ता को ज्ञापन सौंपकर गांव में चल रही अवैध शराब बिक्री पर तत्काल रोक लगाने तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
Raisen News: महिलाओं ने आवेदन में आरोप लगाया कि गांव में कई स्थानों पर खुलेआम अवैध शराब बेची जा रही है। जिससे गांव का माहौल लगातार खराब हो रहा है। उनका कहना है कि शराबखोरी के कारण आए दिन विवाद, मारपीट, चोरी और अन्य आपराधिक घटनाएं बढ़ रही हैं। महिलाओं और युवतियों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है । रास्तों में छात्राओं से छेड़छाड़ अभद्रता और बदसलूकी की घटनाओं में भी वृद्धि हुई है।
Raisen News: ग्रामीण महिलाओं ने दो दबंग लोगों पर अवैध शराब बेचने और गांव में दहशत का माहौल बनाने का आरोप लगाया। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि गांव में शांति और सुरक्षा का माहौल कायम हो सके। महिलाओं का कहना था कि यदि समय रहते अवैध शराब के कारोबार पर रोक नहीं लगाई गई तो भविष्य में कोई बड़ी अप्रिय घटना हो सकती है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कार्रवाई नहीं हुई तो ग्रामीणों को आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
Raisen News: ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि बरेली क्षेत्र सहित नर्मदा किनारे बसे कई गांवों में लंबे समय से अवैध शराब का कारोबार चल रहा है। लेकिन संबंधित विभाग की ओर से प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही है। उनका कहना है कि इससे शराब माफियाओं के हौसले लगातार बुलंद हो रहे हैं। ग्रामीणों ने पूर्व में ग्राम अलीगंज में अवैध शराब की खेप पकड़े जाने की घटना का भी उल्लेख करते हुए कहा कि इसके बावजूद अवैध कारोबार पर पूरी तरह अंकुश नहीं लग पाया है।
Raisen News: इधर, थाना प्रभारी कपिल गुप्ता ने महिलाओं से प्राप्त आवेदन पर नियमानुसार जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि यदि जांच में अवैध शराब बिक्री की पुष्टि होती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अब इस मामले में पुलिस और आबकारी विभाग की कार्रवाई पर ग्रामीणों की नजरें टिकी हुई हैं।




