Raipur Drainage Issue : रायपुर। राजधानी के फफडीह-गुढ़ियारी क्षेत्र में जलभराव की गंभीर समस्या को लेकर कांग्रेस पार्टी का दो दिवसीय धरना रंग लाया है। कांग्रेस शहर अध्यक्ष और पूर्व पार्षद श्री कुमार मेमन के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं के कड़े विरोध के बाद शासन-प्रशासन और नगर निगम की टीम सक्रिय हुई। प्रशासन पर बढ़ते दबाव के चलते आज शाम 5:30 बजे छह मुंहा नाले के बंद द्वारों में से एक को खोल दिया गया है, जिससे जमा हुआ पानी तेजी से बाहर निकलने लगा है।
कांग्रेस के दबाव में जागे जिम्मेदार क्षेत्र में वॉटर लाइन और नाले की बदहाली को लेकर कांग्रेसजनों ने दो दिनों से मोर्चा खोल रखा था। कार्यकर्ताओं का आरोप था कि स्थानीय विधायक और सभापति ने इस क्षेत्र की निकासी व्यवस्था को अपने हाल पर छोड़ दिया था और पर्यटन की दृष्टि से किए गए दावों के विपरीत जमीनी स्थिति बेहद खराब थी। प्रदर्शनकारियों के डटे रहने के कारण प्रशासन को झुकना पड़ा और मौके पर पहुंचकर जल निकासी का काम शुरू किया गया।
जलभराव का खतरा टला, लेकिन चुनौती अभी बाकी नाले का एक मुहाना खुलने से बस्ती क्षेत्र में जमा पानी कम होने लगा है, जिससे स्थानीय निवासियों ने राहत की सांस ली है। हालांकि, कांग्रेस नेताओं का कहना है कि यह केवल तात्कालिक समाधान है। आने वाले मानसून और भारी बरसात को देखते हुए जब तक नाले के सभी पांचों शेष मुहानों को पूरी तरह नहीं खोला जाता, तब तक क्षेत्र को जलभराव के स्थायी खतरे से बाहर नहीं माना जा सकता।
विपक्ष का संकल्प: “जगाते रहेंगे सोई सरकार” पूर्व पार्षद श्री कुमार मेमन ने इस सफलता पर सभी कांग्रेस साथियों को बधाई देते हुए कहा कि हमारा काम सोई हुई सरकार और सुस्त निगम प्रशासन को जगाना है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि बरसात से पहले निकासी की पूरी व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई, तो आंदोलन और उग्र होगा। फिलहाल, नाले से पानी की निकासी जारी है और प्रशासन शेष मुहानों की सफाई की योजना बना रहा है।









