नई दिल्ली : दक्षिण अफ्रीका के जोहान्सबर्ग में आज से G20 शिखर सम्मेलन की शुरुआत हो रही है, और यह मौका इसलिए खास है क्योंकि पहली बार यह वैश्विक आयोजन अफ्रीकी महाद्वीप पर हो रहा है। इस बाबत भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार शाम जैसे ही जोहान्सबर्ग पहुंचे, उनका स्वागत पारंपरिक और बेहद अनोखे अंदाज में किया गया।
दरअसल यहां स्थानीय समुदाय के लोग रनवे पर जमीन पर लेटकर प्रधानमंत्री का अभिनंदन करने पहुंचे—जो दक्षिण अफ्रीकी संस्कृति में सम्मान का प्रतीक है। इस दृश्य ने पीएम मोदी को visibly भावुक कर दिया और उन्होंने भी झुककर नमस्कार कर उनका अभिवादन स्वीकार किया।
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स्थानीय संस्कृति के सम्मान में झुके प्रधानमंत्री मोदी
वहीं यह गर्मजोशी भरा स्वागत सोशल मीडिया पर तुरंत चर्चा का विषय बन गया। प्रधानमंत्री मोदी ने न केवल हाथ जोड़कर अभिवादन किया बल्कि सांस्कृतिक सम्मान को देखते हुए स्वयं भी झुककर उन लोगों को प्रणाम किया। कूटनीतिक विशेषज्ञों के अनुसार यह दृश्य भारत–दक्षिण अफ्रीका संबंधों की गहरी आत्मीयता को दर्शाता है। अवतरण से लेकर स्वागत समारोह तक, पूरे माहौल में उत्साह और सम्मान दिखाई दिया।
भारत की वैश्विक सोच: ‘वसुधैव कुटुंबकम’ को देंगे नया आयाम
इसके साथ ही जोहान्सबर्ग पहुँचकर प्रधानमंत्री ने कहा कि वे भारत की सार्वभौमिक सोच—“एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य”—को दुनिया के सामने रखेंगे। उन्होंने कहा कि यह सम्मेलन वैश्विक असमानताओं को कम करने, विकासोन्मुख देशों की आवाज़ को मजबूत करने और साझा समाधान खोजने का महत्वपूर्ण मंच बनेगा।
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जापान की नई प्रधानमंत्री से होगी अहम बातचीत
तीन दिवसीय दौरे के दौरान पीएम मोदी जापान की नई प्रधानमंत्री साने ताकाइची से मुलाकात करेंगे। यह बैठक इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में रणनीतिक सहयोग को लेकर महत्वपूर्ण मानी जा रही है। पीएम मोदी छठे IBSA (India, Brazil, South Africa) शिखर सम्मेलन में भी शामिल होंगे।
दक्षिण अफ्रीका में क्या है G20 की थीम
G20 की इस बार की थीम—‘एकजुटता, समानता और सततता’—के तहत दक्षिण अफ्रीका वैश्विक विकास एजेंडा को नई दिशा देने पर जोर दे रहा है। पीएम मोदी ने इस बाबत क्स पर लिखा कि उन्हें विश्व नेताओं के साथ रचनात्मक संवाद की आशा है।













