केतन अग्रवाल हत्याकांड में नया मोड़! राजस्थान के मंदिर तक पहुंची पुलिस, क्या यहीं छिपा है पूरा सच?

Rahul Goshwami

Ketan Agrawal Murder Case Investigation: केतन अग्रवाल हत्याकांड जांच अब एक नए मोड़ पर पहुंच गई है। पुणे के चर्चित हत्याकांड में पुलिस अब महाराष्ट्र से बाहर राजस्थान तक जांच का दायरा बढ़ा चुकी है। जांच एजेंसियों का मानना है कि इस मामले की कुछ अहम कड़ियां राजस्थान के एक मंदिर से जुड़ी हो सकती हैं। इसी उम्मीद के साथ क्राइम ब्रांच की टीम वहां पहुंची और कई घंटे तक जांच की।

केतन अग्रवाल हत्याकांड जांच के दौरान सामने आए डिजिटल रिकॉर्ड और कुछ चैट्स से संकेत मिले कि मुख्य आरोपी सिया गोयल और उसके साथ आरोपी चेतन चौधरी पिछले साल दिसंबर में राजस्थान आए थे। जांच में यह भी दावा सामने आया कि दोनों ने यहां एक मंदिर में गुप्त रूप से शादी की थी।इसी जानकारी की पुष्टि करने के लिए पुलिस टीम मंदिर पहुंची और वहां हर संभावित सबूत तलाशने की कोशिश की।

CCTV फुटेज और रिकॉर्ड खंगाले गए
केतन अग्रवाल हत्याकांड जांच के तहत पुलिस ने मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग देखी। इसके अलावा मंदिर से जुड़े लोगों और कर्मचारियों से भी पूछताछ की गई।हालांकि अब तक ऐसा कोई वीडियो, फोटो या दस्तावेज नहीं मिला है जिससे कथित शादी की पुष्टि हो सके। इसके बावजूद पुलिस इस एंगल को पूरी तरह बंद करने के पक्ष में नहीं है।

कथित शादी साबित हुई तो बदल सकती है जांच की दिशा
केतन अग्रवाल हत्याकांड जांच में पुलिस का मानना है कि यदि दोनों आरोपियों के बीच पहले से वैवाहिक संबंध या उससे जुड़े मजबूत सबूत मिलते हैं, तो कथित हत्या के पीछे की वजह को समझना आसान हो सकता है।यही कारण है कि जांच एजेंसियां अब मोबाइल चैट, लोकेशन हिस्ट्री, डिजिटल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी सबूतों को जोड़कर पूरी तस्वीर तैयार करने में जुटी हैं।
Read more: CG News: 36 करोड़ की सड़क पर तालाब की मिट्टी! राजिम में विकास या बड़ा खेल? जानिए पूरा मामला

क्या है पूरा मामला?
केतन अग्रवाल हत्याकांड जांच की शुरुआत 18 जून की उस घटना से हुई, जब केतन अग्रवाल की मौत पुणे के लोहागढ़ किले के पास हुई। जांच में आरोप लगा कि सिया गोयल और चेतन चौधरी ने ट्रैकिंग के बहाने केतन को वहां बुलाया और फिर उसे खाई में धक्का देकर हत्या कर दी।मामले के सामने आने के बाद दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। फिलहाल दोनों न्यायिक हिरासत में हैं और पुलिस लगातार नए साक्ष्य जुटा रही है।

डिजिटल सबूतों पर टिकी पूरी जांच
केतन अग्रवाल हत्याकांड जांच अब पूरी तरह डिजिटल और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों पर केंद्रित होती जा रही है। पुलिस मोबाइल फोन की चैट, कॉल रिकॉर्ड, लोकेशन डेटा, यात्रा से जुड़े दस्तावेज और अन्य इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की जांच कर रही है।जांच अधिकारियों का कहना है कि हर नए तथ्य की सावधानी से जांच की जा रही है और कोई भी पहलू नजरअंदाज नहीं किया जाएगा।

अब आगे क्या होगा?
केतन अग्रवाल हत्याकांड जांच में राजस्थान से कोई ठोस दस्तावेज नहीं मिलने के बावजूद पुलिस की जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि यदि आगे डिजिटल या तकनीकी साक्ष्य कथित शादी या साजिश की पुष्टि करते हैं, तो केस की दिशा बदल सकती है।फिलहाल जांच एजेंसियां हर कड़ी को जोड़कर पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने लाने की कोशिश कर रही हैं। मामले में आगे मिलने वाले सबूत इस हाई-प्रोफाइल जांच के लिए बेहद अहम साबित हो सकते हैं।

Share The News
Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *