Govind Singh Rajput Statement : सागर/भोपाल। मध्य प्रदेश के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने किसानों के मुद्दों पर कांग्रेस द्वारा किए जा रहे प्रदर्शनों पर तीखा हमला बोला है। सागर में मीडिया से चर्चा करते हुए मंत्री राजपूत ने कहा कि कांग्रेस किसानों के नाम पर केवल “राजनीतिक रोटियां” सेंक रही है और जनता को भ्रमित कर रही है। उन्होंने कांग्रेस को नसीहत दी कि वे सड़कों पर चक्काजाम कर जनता को परेशान करने के बजाय खरीदी केंद्रों पर जाकर किसानों को एक गिलास ठंडा पानी पिलाएं, जिससे उन्हें वास्तविक राहत मिलेगी।
भाजपा सरकार के फैसलों को बताया ऐतिहासिक मंत्री श्री राजपूत ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में खेती को लाभ का धंधा बनाने के लिए ठोस कदम उठाए गए हैं। उन्होंने आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि कांग्रेस के 55 वर्षों के शासन में गेहूँ का समर्थन मूल्य केवल 500 रुपये बढ़ा, जबकि मोदी सरकार के कार्यकाल में इसमें 1300 रुपये की वृद्धि हुई है। उन्होंने जोर देकर कहा कि मध्य प्रदेश देश का एकमात्र राज्य है जहाँ केंद्र के समर्थन मूल्य (2585 रुपये) पर 40 रुपये का अतिरिक्त बोनस देकर 2625 रुपये प्रति क्विंटल की दर से खरीदी की जा रही है।
गेहूँ उपार्जन के रिकॉर्ड आंकड़े उपार्जन व्यवस्था की जानकारी देते हुए खाद्य मंत्री ने बताया कि वर्ष 2026 में अब तक 8.42 लाख किसानों से 47 लाख मीट्रिक टन गेहूँ खरीदा जा चुका है। किसानों को अब तक 11 हजार करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। प्रदेश में 19.04 लाख किसानों ने पंजीयन कराया है और उनकी सुविधा के लिए 3623 केंद्र बनाए गए हैं। किसानों की मांग को देखते हुए सरकार ने उपार्जन की अंतिम तिथि 9 मई से बढ़ाकर 23 मई 2026 कर दी है।
कृषि क्षेत्र में अग्रणी बना मध्य प्रदेश गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि भाजपा की नीतियों के कारण ही आज मध्य प्रदेश दलहन और सोयाबीन में नंबर-1 है और 47 से अधिक देशों को गेहूँ निर्यात कर रहा है। उन्होंने कांग्रेस से मांग की कि वे वर्षों तक स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशें लागू न करने और किसानों के साथ वादाखिलाफी के लिए माफी मांगें।









