Feel Group Pravin Jha News : बिलासपुर : छत्तीसगढ़ के न्यायधानी बिलासपुर में गुरुवार सुबह आयकर विभाग ने एक बड़ी गोपनीय कार्रवाई को अंजाम दिया। शहर के प्रतिष्ठित कोयला कारोबारी प्रवीण झा के ‘फील ग्रुप’ और उनसे जुड़ी कंपनियों पर आयकर विभाग की कई टीमों ने एक साथ छापेमारी की। टीम की गोपनीयता का आलम यह था कि अफसरों की गाड़ियों पर ‘एसआईआर सर्वे टीम’ (SIR Survey Team) के स्टिकर लगे हुए थे, ताकि किसी को कार्रवाई की भनक न लगे।
इन ठिकानों पर चल रही जांच
आयकर विभाग की टीमों ने प्रवीण झा के श्रीकांत वर्मा मार्ग स्थित मुख्य कार्यालय, रामा वर्ल्ड स्थित निजी निवास और घुटकू स्थित औद्योगिक प्लांट पर एक साथ दस्तक दी। इसके अलावा, जांजगीर-चांपा स्थित तिरुपति मिनरल्स के कार्यालय में भी दस्तावेजों की बारीकी से पड़ताल की जा रही है। सुरक्षा के लिहाज से ठिकानों के बाहर पुलिस बल तैनात है और किसी भी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है।
जीएसटी छापे से मिले थे अहम सुराग
सूत्रों के मुताबिक, इस कार्रवाई के तार दिसंबर 2025 में हुई राज्य जीएसटी की छापेमारी से जुड़े हैं। उस समय फील ग्रुप ने करीब 11 करोड़ रुपये की टैक्स चोरी स्वीकार करते हुए सरेंडर किए थे। माना जा रहा है कि जीएसटी विभाग से मिले इनपुट और दस्तावेजों में पाई गई विसंगतियों के आधार पर अब आयकर विभाग ने वित्तीय लेन-देन, कंप्यूटर हार्ड डिस्क और फाइलों की गहन जांच शुरू की है।
कोयला मिक्सिंग और राजस्व की हानि का शक
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, विभाग को शिकायतें मिली थीं कि फील ग्रुप द्वारा बड़े पैमाने पर कोयला मिक्सिंग की जा रही है और वास्तविक आय को छुपाकर कम टैक्स अदा किया जा रहा है। जांच टीम इस बात का पता लगा रही है कि कंपनी के खातों में दिखाए गए टर्नओवर और वास्तविक स्टॉक के बीच कितना अंतर है।
व्यापारिक जगत में चर्चाएं तेज
प्रवीण झा बिलासपुर के बड़े कोयला व्यापारियों में शुमार हैं, इसलिए इस रेड का असर पूरे व्यापारिक गलियारे में देखा जा रहा है। हालांकि, विभाग ने अभी तक कोई आधिकारिक आंकड़ा जारी नहीं किया है, लेकिन माना जा रहा है कि जांच पूरी होने पर करोड़ों की अघोषित संपत्ति और टैक्स चोरी का खुलासा हो सकता है।













