CG News : दुर्ग : छत्तीसगढ़ में एक बार फिर फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। दुर्ग पुलिस ने एक ऐसे शातिर ठग को गिरफ्तार किया है, जो खुद को मंत्रालय में पदस्थ “बड़ा बाबू” बताकर बेरोजगार युवाओं को नौकरी का झांसा देता था। आरोपी का नाम साबास खान है, जिसने अब तक छह जिलों में करीब 30 लाख 94 हजार रुपये की ठगी की है। पुलिस ने आरोपी को महासमुंद से गिरफ्तार कर लिया है।
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मामले का खुलासा तब हुआ जब प्रार्थी ढालसिंह वर्मा ने स्मृति नगर चौकी में शिकायत दर्ज कराई। ढालसिंह के अनुसार, उसकी मुलाकात आरोपी साबास खान से 6 मार्च को हुई थी। खुद को मंत्रालय रायपुर में कार्यरत बताकर आरोपी ने मंत्रालय और डाक विभाग में नौकरी दिलाने का झांसा दिया। इस भरोसे में आकर पीड़ितों ने उसे नकद और बैंक ट्रांजेक्शन के जरिए बड़ी रकम सौंप दी।
शिकायत मिलते ही स्मृति नगर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया और जांच शुरू की। शुरुआती जांच में पता चला कि आरोपी के खिलाफ रायपुर, महासमुंद, गरियाबंद, राजनांदगांव और कोरबा के थानों में भी इसी तरह के मामले दर्ज हैं। हर बार आरोपी ने मंत्रालय या किसी सरकारी पद का नाम लेकर लोगों को झांसे में लिया।
पुलिस का कहना है कि साबास खान एक आदतन अपराधी है, जो लंबे समय से इस तरह की ठगी कर रहा था। नौकरी की आस में फंसे युवाओं को वह अपने झूठे पद और पहुंच का हवाला देकर ठगता था। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसके साथ और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं।
इस घटना ने फिर एक बार बेरोजगार युवाओं के प्रति संवेदनशीलता और राज्य में ठगी के बढ़ते मामलों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति द्वारा नौकरी का झांसा दिए जाने पर सतर्क रहें और किसी भी लेनदेन से पहले जांच-पड़ताल जरूर करें।













