Bacheli News : फकरे आलम खान/ दंतेवाड़ा – बचेली : दंतेवाड़ा। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के संविदा कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुक्रवार को 26वें दिन भी जारी रही। इस बीच छत्तीसगढ़ सर्व विभागीय संविदा कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर 12 सितंबर को प्रदेशभर के संविदा कर्मचारियों ने एक दिन का सामूहिक अवकाश लेकर हड़ताली कर्मचारियों के समर्थन में आंदोलन में हिस्सा लिया।
Bacheli News : दंतेवाड़ा जिले में इस सामूहिक समर्थन हड़ताल में करीब 530 कर्मचारी शामिल हुए। सभी ने एकजुट होकर NHM कर्मचारियों की नौकरी सुरक्षा, नियमितिकरण और सेवा समाप्ति की कार्यवाही को शून्य घोषित करने** की मांग को लेकर प्रदर्शन किया और विधायक के नाम ज्ञापन सौंपा।
Bacheli News : कर्मचारियों की प्रमुख मांगें
Bacheli News : संविदा कर्मचारियों ने सरकार पर आरोप लगाया कि विपक्ष में रहते हुए वर्तमान सत्ताधारी दल ने उनकी मांगों को जायज़ बताया था और 2023 के चुनावी घोषणा पत्र “मोदी की गारंटी” में सरकार बनने के 100 दिनों के भीतर समाधान का वादा किया गया था। लेकिन आज तक:
नियमितिकरण,
ग्रेड-पे,
वेतन वृद्धि,
ग्रेच्युटी,
पेंशन,
अनुकंपा नियुक्ति**,
EPF/GPF**,
स्थानांतरण नीति**,
सीधी भर्ती में प्राथमिकता
और स्वास्थ्य अवकाश जैसी मूलभूत सुविधाएं नहीं दी गईं हैं।
Bacheli News : कर्मचारियों ने जताया आक्रोश
Bacheli News : जिला संयोजक सूरज सिंह ठाकुर ने कहा कि कर्मचारियों की मांगों को अनदेखा कर सरकार ने दमनकारी रवैया अपनाया है और कई कर्मचारियों को **सेवा से पृथक कर दिया गया है, जो निंदनीय है।
Bacheli News : जिला महासचिव मनीष साहू ने कहा कि विपक्ष में रहते हुए जो समर्थन किया गया था, आज सरकार में आने के बाद उसे पूरा नहीं किया जा रहा है। उन्होंने NHM से निकाले गए कर्मचारियों को तत्काल बहाल करने और 10 सूत्रीय मांगों को पूरा करने की मांग की। संगठन सचिव मुकेश अहिरवार ने चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी नहीं की गईं तो चरमराई स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए सरकार जिम्मेदार होगी।
Bacheli News : कोषाध्यक्ष दिनेश करतिया ने कहा कि सरकार यदि जल्द कोई निर्णय नहीं लेती है तो आंदोलन राज्यव्यापी रूप ले लेगा और 45,000 से अधिक संविदा कर्मचारी सड़कों पर उतरेंगे। हड़ताल के अंत में सभी 530 कर्मचारियों ने विधायक के नाम ज्ञापन सौंपा, जिसमें NHM कर्मचारियों के समर्थन में कार्रवाई की मांग की गई। रैली के समापन पर सभी प्रतिभागियों को धन्यवाद ज्ञापित किया गया। यह आंदोलन अब और भी तेज होने की संभावना है यदि सरकार जल्द समाधान नहीं करती।













