CG NEWS: गौरीशंकर गुप्ता /रायगढ़, 2 मार्च 2026। जिले के न्यायालयों में आज रायगढ़ पुलिस की पेशेवर जांच का डंका बजी। कोतरारोड़ थाना क्षेत्र के बहुचर्चित हत्याकांड में विशेष अदालत ने दोनों आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई। इस सफलता का श्रेय मुख्य रूप से उपनिरीक्षक (TI) गिरधारी साव को जाता है, जिनकी उत्कृष्ट विवेचना ने लगातार छठे गंभीर मामले में दोषियों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। न्यायाधीश ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर मुहर लगाते हुए इसे मिसाल कायम करने वाली बताया।
CG NEWS: कोतरारोड़ हत्याकांड का पूरा मामला
कोतरारोड़ क्षेत्र में पिछले साल हुए इस सनसनीखेज हत्याकांड ने पूरे जिले को हिला दिया था। स्थानीय निवासी रामू यादव (नाम परिवर्तित) की निर्मम हत्या कर शव को जंगल में फेंक दिया गया था। प्रथम दृष्टया यह लूटपाट का मामला लगा, लेकिन TI गिरधारी साव की गहन जांच ने सच्चाई उजागर की। उन्होंने घटनास्थल पर फोरेंसिक साक्ष्य संग्रहित किए, सीसीटीवी फुटेज खंगाले और गवाहों से पूछताछ की। जांच में पता चला कि हत्या पुरानी रंजिश के चलते हुई। आरोपी विक्रम और संतोष ने मिलकर पीड़ित को लालच देकर बुलाया, फिर झगड़े में चाकू मारकर मार डाला। साव ने मात्र 48 घंटों में दोनों को गिरफ्तार कर लिया, जिससे पुलिस की तारीफ हुई।
TI गिरधारी साव की लगातार सफलताएं
उपनिरीक्षक गिरधारी साव रायगढ़ पुलिस के चर्चित अधिकारी हैं। पिछले तीन वर्षों में उन्होंने छह गंभीर मामलों- हत्या, बलात्कार, लूट और जबरीया वसूली- की जांच की, जहां हर बार अदालत ने दोषसिद्धि पर उम्रकैद या कड़ी सजा सुनाई। उनकी पिछली उपलब्धियां कोतरारोड़ थाने के पुराने डकैती कांड, धरमजयगढ़ लूटपाट और पुसौर हत्या मामले में शामिल हैं। साव का मानना है कि सफलता का राज समयबद्ध जांच, तकनीक का उपयोग और समुदाय सहयोग है। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने उन्हें बधाई देते हुए कहा, “साव जैसे अधिकारी पुलिस की साख बढ़ाते हैं। उनकी कार्यशैली सभी के लिए अनुकरणीय है।”
CG NEWS: अदालत का फैसला और पुलिस की सराहना
आज विशेष न्यायालय में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने पुख्ता साक्ष्य पेश किए। फोरेंसिक रिपोर्ट, पोस्टमार्टम, गवाह बयान और आरोपी स्वीकारोक्ति पर आधारित फैसले में दोनों को आजीवन कारावास व 50-50 हजार जुर्माना हुआ। न्यायाधीश ने टिप्पणी की, “पुलिस की जांच निष्पक्ष और वैज्ञानिक रही। यह अपराधियों के लिए चेतावनी है।” कोतवाली पुलिस ने मामले की चार्जशीट 90 दिनों में दाखिल की, जो रिकॉर्ड है। इस पर एसपी ने साव को प्रशस्ति पत्र देने की घोषणा की।
CG NEWS: जिले में अपराध नियंत्रण की चुनौतियां
रायगढ़ जिले में हालिया होली अभियान के साथ ही पुलिस गंभीर अपराधों पर नजर रखे हुए है। कोतरारोड़ जैसे ग्रामीण इलाकों में पुरानी रंजिश आम है, लेकिन साव जैसी जांच ने विश्वास बढ़ाया। स्थानीय लोगों ने खुशी जताते हुए कहा, “पुलिस अब न्याय की गारंटी है।” पुलिस ने भविष्य में साइबर क्राइम और नशा तस्करी पर फोकस बढ़ाने का ऐलान किया। एसएसपी ने सभी थानों को साव मॉडल अपनाने के निर्देश दिए।
CG NEWS: यह फैसला अपराधियों को कड़ा संदेश देता है। TI साव ने कहा, “न्याय देरी से सही, लेकिन होता जरूर है। युवाओं को अपराध से दूर रहना चाहिए।” जिला प्रशासन ने इसे प्रचारित कर जागरूकता अभियान चलाने का फैसला लिया। रायगढ़ पुलिस का यह पराक्रम जिले की कानून-व्यवस्था को मजबूत करेगा।











