सीहोर: पुलिस अधीक्षक श्री दीपक कुमार शुक्ला के नेतृत्व में सीहोर पुलिस द्वारा वर्ष 2025 में चलाए गए प्रभावी सड़क सुरक्षा अभियानों के सुखद परिणाम सामने आए हैं। वर्षभर लगातार चले जागरूकता कार्यक्रमों और मोटर व्हीकल एक्ट के तहत की गई सख़्त कार्यवाहियों के चलते जिले में न केवल दुर्घटनाओं का ग्राफ गिरा है, बल्कि घायलों और मृतकों की संख्या में भी उल्लेखनीय कमी आई है। आंकड़ों के अनुसार, साल 2025 में जिले में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या 1172 (वर्ष 2024) से घटकर 1087 रह गई है।
सख़्त कार्यवाही: 16 हजार से अधिक चालान सीहोर पुलिस ने यातायात नियमों का मखौल उड़ाने वालों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई। वर्ष 2025 के दौरान कुल 16,169 वाहन चालकों के विरुद्ध चालानी कार्यवाही की गई, जिससे शासन के खाते में 86,19,700 रुपये का शमन शुल्क जमा हुआ। इतना ही नहीं, नियमों की घोर अनदेखी करने वाले 28 वाहन चालकों के लाइसेंस निरस्त करने की प्रक्रिया भी शुरू की गई है। इंटरसेप्टर वाहनों के माध्यम से तेज गति से वाहन चलाने वाले 269 चालकों पर भी नकेल कसी गई।
नशे में ड्राइविंग करने वालों पर कोर्ट का हंटर सड़क हादसों का एक प्रमुख कारण शराब पीकर वाहन चलाना रहा है। पुलिस ने इस वर्ष ऐसे 53 चालकों को पकड़कर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया। कोर्ट ने इन मामलों की गंभीरता को देखते हुए सख्त रुख अपनाया और इन चालकों पर कुल 4,31,100 रुपये का भारी अर्थदंड लगाया। पुलिस का मानना है कि इस तरह की कड़ी अदालती कार्यवाही से भविष्य में ‘ड्रिंक एंड ड्राइव’ के मामलों में और कमी आएगी।
जागरूकता से बचाई गईं जिंदगियां तुलनात्मक आंकड़ों पर नजर डालें तो वर्ष 2024 में सड़क हादसों में घायलों की संख्या 1218 थी, जो 2025 में घटकर 976 रह गई। वहीं, मृतकों की संख्या भी 295 से घटकर 287 हुई है। पुलिस ने दुर्घटनाओं के तीन मुख्य कारण— अत्यधिक तेज गति, नशे में वाहन चलाना और गलत दिशा में ड्राइविंग को चिन्हित किया है। इन कारणों को खत्म करने के लिए पुलिस द्वारा ब्लैक स्पॉट्स पर सुधार और विशेष अभियान सतत जारी हैं।
एसपी की अपील: नियम दंड के लिए नहीं, सुरक्षा के लिए पुलिस अधीक्षक श्री दीपक कुमार शुक्ला ने इस सफलता का श्रेय पुलिस की सक्रियता और जागरूक नागरिकों को दिया है। उन्होंने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि यातायात नियम केवल जुर्माना भरने से बचने के लिए नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की जान बचाने के लिए बनाए गए हैं। उन्होंने संदेश दिया कि वाहन चालक की एक छोटी सी गलती पूरे परिवार के भविष्य को अंधकार में डाल सकती है, इसलिए जिम्मेदार नागरिक बनकर नियमों का पालन करें।











