रीवा। नीट परीक्षा में 720 में से 531 अंक प्राप्त करने वाली छात्रा एंजेल तिवारी का मेडिकल कॉलेज में दाखिला नेशनल टेस्ट एजेंसी (एनटीए) की गलती के कारण अधर में लटक गया। श्यामशाह मेडिकल कॉलेज में दाखिला लेने पहुंची छात्रा को कॉलेज के डीन ने स्कोर कार्ड खुल न पाने का हवाला देते हुए डीएमई से संपर्क करने को कहा।
जब छात्रा ने डायरेक्टर मेडिकल एजुकेशन से संपर्क किया, तो उसे बताया गया कि उसके स्कोर कार्ड में केवल 147 अंक दर्ज हैं। इस जानकारी से छात्रा और उसके परिवार वालों के पैरों तले जमीन खिसक गई।
छात्रा ने आनन-फानन में एनटीए को पत्राचार कर पूरे मामले की शिकायत नगर पुलिस अधीक्षक से की। छात्रा एंजेल तिवारी ने बताया कि उसने नीट परीक्षा पूरी प्रक्रिया के अनुसार दी थी और एनटीए द्वारा भेजे गए ओएमआर शीट में उसे 720 में से 531 अंक प्राप्त हुए थे।
स्कोर बोर्ड न खुलने और डीएमई की ओर से जानकारी में अंतर के कारण छात्रा मानसिक अवसाद से गुजर रही है। परिजन ने सभी दस्तावेज पुलिस अधीक्षक को सौंप दिए हैं और साथ ही एनटीए के खिलाफ उच्च न्यायालय में याचिका भी दायर की गई है।
एंजेल तिवारी, पीड़ित छात्रा – “मैंने सभी प्रक्रिया पूरी की थी और 531 अंक प्राप्त किए, लेकिन अब मेरा दाखिला अधर में लटक गया है। मेरी पढ़ाई का भविष्य अनिश्चित हो गया है।”











