[Nishaanebaz News] Morena News: मुरैना। मध्यप्रदेश के मुरैना जिले में लगातार हो रही बारिश अब ग्रामीण इलाकों के लिए परेशानी का कारण बनने लगी है। नदी के ऊपरी क्षेत्रों में लगातार बारिश होने से कुंवारी नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। इसका सीधा असर पलपुरा गांव में देखने को मिल रहा है, जहां नदी पर बने रपटे के ऊपर से पानी बहने लगा है। पानी का बहाव तेज होने के बावजूद ग्रामीण और स्कूली बच्चे इसी रपटे से होकर आने-जाने को मजबूर हैं।
हालात ऐसे हैं कि रपटे के ऊपर से बहते पानी के बीच लोगों को अपनी जान जोखिम में डालकर रास्ता पार करना पड़ रहा है। यदि इसी दौरान नदी का जलस्तर अचानक बढ़ता है या बहाव तेज होता है, तो बड़ा हादसा होने से इनकार नहीं किया जा सकता।
पानी के बीच स्कूल जाने को मजबूर बच्चे
Morena News: पलपुरा गांव के ग्रामीणों के सामने सबसे बड़ी चिंता बच्चों की सुरक्षा को लेकर है। स्कूल जाने वाले छात्र भी इसी रपटे का इस्तेमाल करते हैं। बारिश के कारण जब रपटे के ऊपर पानी बहने लगता है, तब भी कई बच्चे इसी रास्ते से स्कूल आने-जाने के लिए मजबूर हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों के लिए यह रास्ता बेहद खतरनाक हो चुका है। पानी की गहराई और बहाव का अंदाजा लगाना भी मुश्किल है। ऐसे में किसी बच्चे के पैर फिसलने या पानी के तेज बहाव में संतुलन बिगड़ने पर गंभीर हादसा हो सकता है।
रपटे पर नहीं दिखे सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम
बारिश के बीच रपटे पर पानी बहने के बावजूद प्रशासन की ओर से अब तक ऐसे इंतजाम नजर नहीं आ रहे हैं, जिनसे लोगों को खतरे वाले रास्ते से रोका जा सके। ग्रामीणों का आरोप है कि रपटे के दोनों तरफ बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड या सुरक्षा कर्मियों की तैनाती जैसी व्यवस्था नहीं की गई है।ग्रामीणों का कहना है कि जलस्तर बढ़ने के दौरान रपटे से आवागमन पूरी तरह रोक दिया जाना चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं होने के कारण लोग मजबूरी में जोखिम उठा रहे हैं।
कभी भी बढ़ सकता है नदी का जलस्तर
Morena News: मुरैना और नदी के ऊपरी इलाकों में यदि बारिश का सिलसिला जारी रहता है तो कुंवारी नदी का जलस्तर और बढ़ सकता है। ऐसे में रपटे के ऊपर पानी का बहाव भी तेज होने की संभावना है।स्थानीय लोगों को आशंका है कि यदि समय रहते प्रशासन ने कदम नहीं उठाया तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। खासतौर पर बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह रास्ता ज्यादा जोखिम भरा साबित हो सकता है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की
पलपुरा गांव के लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि रपटे पर तत्काल बैरिकेडिंग और चेतावनी संकेत लगाए जाएं। जलस्तर खतरनाक स्तर तक पहुंचने पर लोगों की आवाजाही पूरी तरह बंद कराई जाए और जरूरत पड़ने पर वैकल्पिक रास्ते की व्यवस्था की जाए।
ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन को किसी हादसे का इंतजार करने के बजाय पहले ही सुरक्षा व्यवस्था करनी चाहिए। फिलहाल कुंवारी नदी का बढ़ता जलस्तर और रपटे के ऊपर बहता पानी लोगों के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। अब देखना होगा कि प्रशासन ग्रामीणों और स्कूली बच्चों की सुरक्षा के लिए कितनी जल्दी प्रभावी कदम उठाता है।




