निशानेबाज न्यूज़ डेस्क : इंदौर के द्वारकापुरी इलाके से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है, जहां 35 वर्षीय नितेश ने मामूली पारिवारिक विवाद के चलते जहर खाकर आत्मघाती कदम उठा लिया। बताया जा रहा है कि घर बदलने के दौरान नए कमरे की पसंद को लेकर पति-पत्नी के बीच बहस हुई, जो इतना बढ़ गई कि नितेश ने यह कठोर फैसला ले लिया।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
नितेश पीथमपुर की एक कंपनी में कार्यरत था और काम के चलते परिवार घर बदलने की तैयारी कर रहा था। विवाद के बाद उसे अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पीछे उसकी पत्नी और 2 साल की मासूम बेटी रह गई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
एयरपोर्ट रोड पर पेचकस से हमला
इसी बीच इंदौर के गांधी नगर थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज वारदात ने शहर को हिला दिया। एक सिरफिरे युवक ने लिफ्ट के बहाने टैक्सी में घुसकर ड्राइवर को बाहर फेंक दिया और बुजुर्ग दंपती को बंधक बना लिया।
आधे घंटे तक चलता रहा हमला
आरोपी ने चलती कार में करीब आधे घंटे तक पेचकस से हमला किया और दंपती को घायल कर दिया। हालांकि 66 वर्षीय अनिल शुक्ला और उनकी पत्नी ने अद्भुत साहस दिखाते हुए आरोपी का डटकर मुकाबला किया।
जांबाज दंपती ने बदला घटनाक्रम
घायल होने के बावजूद दंपती ने हार नहीं मानी और लगातार संघर्ष करते रहे। आखिरकार कार के एक पोल से टकराने के बाद स्थानीय लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया।
पुलिस पर उठे सवाल
इस पूरी घटना में पुलिस की देरी और सीमा विवाद को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। आरोप है कि समय रहते कार्रवाई होती तो वारदात को रोका जा सकता था।
शहर में बढ़ी चिंता
दो अलग-अलग घटनाओं ने इंदौर में सामाजिक और सुरक्षा दोनों पहलुओं को लेकर चिंता बढ़ा दी है। एक ओर रिश्तों में तनाव की खतरनाक परिणति सामने आई, वहीं दूसरी ओर अपराधियों के हौसले भी बुलंद नजर आए।











