MP NEWS: बड़वानी। नई भारतीय न्याय संहिता के प्रभावी क्रियान्वयन और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय मजबूत करने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें पुलिस, न्यायपालिका, चिकित्सा विभाग, आरटीओ, मीडिया सहित सभी संबंधित संस्थाओं के प्रतिनिधि एक ही मंच पर एकत्रित हुए।
MP NEWS: पुलिस अधीक्षक पद्म विलोचन शुक्ल ने बताया कि नई न्याय संहिता के अंतर्गत सभी “पिलर्स” यानी संबंधित संस्थाओं को एक छत के नीचे लाकर उनकी समस्याओं और चुनौतियों पर चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि बैठक में जिला न्यायाधीश की उपस्थिति भी रही, जिससे न्यायिक प्रक्रिया से जुड़ी बातों पर स्पष्टता आई। सभी विभागों ने अपनी-अपनी समस्याएं साझा कीं और एक-दूसरे को सुझाव दिए, ताकि भविष्य में सिस्टम की कमियों को दूर कर बेहतर कानून व्यवस्था और कोर्ट में मामलों की प्रस्तुति को मजबूत किया जा सके।

MP NEWS: उन्होंने विशेष रूप से सड़क दुर्घटना मामलों में आने वाली समस्याओं का उल्लेख किया। बताया कि कई बार घायल व्यक्ति प्राइवेट अस्पताल में भर्ती होता है, लेकिन थाना क्षेत्र अलग होने के कारण रिपोर्टिंग में भ्रम की स्थिति बनती है। इससे शासन की कई राहत योजनाओं का लाभ पीड़ित तक नहीं पहुंच पाता। इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए समाधान के प्रयास किए जा रहे हैं।
MP NEWS: मनोरमा हॉस्पिटल के डायरेक्टर सुनील शर्मा ने कहा कि केंद्र और मध्य प्रदेश शासन की पीएम राहत योजना के अंतर्गत “गोल्डन ऑवर” में मरीज को त्वरित उपचार देना सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि इस योजना में केवल अस्पताल ही नहीं, बल्कि पुलिस, आरटीओ और अन्य विभागों की भी संयुक्त जिम्मेदारी है। प्रारंभिक स्तर पर समन्वय में आ रही दिक्कतों को दूर करने के लिए ही इस कार्यशाला का आयोजन किया गया।
MP NEWS: डॉ. शर्मा ने बताया कि कार्यशाला के माध्यम से कई समस्याओं का समाधान निकला है और आगे भी सभी विभाग मिलकर बेहतर समन्वय के साथ कार्य करेंगे, ताकि दुर्घटना पीड़ितों को समय पर राहत और उपचार मिल सके।









