West Bengal Assembly Dissolution : पश्चिम बंगाल में राजनीतिक घटनाक्रम ने बड़ा मोड़ ले लिया है। राज्यपाल आरएन रवि ने बीते गुरुवार को संविधान के अनुच्छेद 174 के तहत विधानसभा को भंग करने का आदेश जारी कर दिया। यह फैसला 7 मई 2026 से प्रभावी हो गया है, जिसके बाद मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल समाप्त हो गया है। इसके बाद कल यानी 9 मई को कोलकाता के ब्रिगेड मैदान में नई सरकार का शपथ ग्रहण का रास्ता अब साफ़ हो गया है।
चुनाव नतीजों के बाद बढ़ा विवाद
हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में बीजेपी को स्पष्ट बहुमत मिलने के बाद सियासी तनाव बढ़ गया था। ममता बनर्जी ने कथित वोट चोरी के आरोप लगाते हुए इस्तीफा देने से इनकार किया था। इसके बाद राज्य में संवैधानिक स्थिति को देखते हुए यह कदम उठाया गया।
संवैधानिक अधिकारों के तहत लिया गया फैसला
राज्यपाल ने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि यह निर्णय संविधान के अनुच्छेद 174(2)(b) के तहत लिया गया है। इसका प्रकाशन विशेष गजट नोटिफिकेशन के माध्यम से किया गया। इस फैसले के साथ 17वीं विधानसभा का कार्यकाल समाप्त हो गया है और 18वीं विधानसभा के गठन का मार्ग प्रशस्त हो गया है।
नई सरकार गठन की प्रक्रिया तेज
भाजपा ने नई सरकार के गठन की तैयारी शुरू कर दी है। नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक में विधायक दल के नेता का चयन किया जाएगा। इसके बाद कल यानी शनिवार 9 मई को कोलकाता के ब्रिगेड मैदान में नई सरकार का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया जाएगा।
शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियां
सूत्रों के अनुसार, शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री, गृह मंत्री अमित शाह और कई भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्री शामिल हो सकते हैं। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सेंट्रल फोर्स और कोलकाता पुलिस को तैनात किया जाएगा।









