Vande Mataram New Protocol : भोपाल (12 फरवरी 2026): मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के लिए जारी किए गए नए प्रोटोकॉल का पुरजोर स्वागत किया है। मुख्यमंत्री ने इसे राष्ट्र की एकता और अखंडता के लिए एक मील का पत्थर बताते हुए घोषणा की कि मध्य प्रदेश सरकार इसे प्रदेश में तत्काल प्रभाव से लागू करने जा रही है।
अब राष्ट्रगान से पहले गूंजेगा ‘वंदे मातरम’
केंद्र सरकार के नए दिशा-निर्देशों के अनुसार, अब सभी सरकारी और महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में राष्ट्रगान ‘जन गण मन’ से पहले राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के सभी छह छंदों का पूरे सम्मान के साथ गायन किया जाएगा। सीएम डॉ. मोहन यादव ने इस निर्णय को ऐतिहासिक करार देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्रालय को धन्यवाद दिया।
स्वतंत्रता सेनानियों की शक्ति का प्रतीक
मुख्यमंत्री ने अपने बयान में कहा, “वंदे मातरम वह मंत्र है जिसने आजादी की लड़ाई में ऊर्जा डाली और हमारे सेनानियों के संघर्ष की ताकत को बढ़ाया। यह हमारे दिल की धड़कन और रक्त की पुकार है।” उन्होंने आगे कहा कि बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय की यह अमर रचना हमारी मातृभूमि के प्रति अनंत प्रेम और बलिदान की याद दिलाती है।
मध्य प्रदेश बनेगा अनुकरणीय राज्य
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि राज्य के भीतर होने वाले हर शासकीय आयोजन में इस प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि यह राष्ट्रगीत हमारी सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है और इसके माध्यम से हर नागरिक राष्ट्र सेवा का संकल्प लेगा।
डॉ. मोहन यादव, मुख्यमंत्री, मध्य प्रदेश:
“भारत सरकार के द्वारा बहुत अच्छा निर्णय लिया गया है। मैं प्रधानमंत्री जी को धन्यवाद देता हूँ। जिस मंत्र ने आजादी की लड़ाई में ऊर्जा डाली, उसकी अनिवार्यता प्रशंसनीय है। हमारी सरकार मध्य प्रदेश में इस निर्णय को तुरंत लागू करने वाली है।”













