कृष्णा नायक/सुकमा। Nishaanebaz.com-PM Awas Yojana Sukma: सुकमा जिले के सुदूरवर्ती एवं संवेदनशील क्षेत्र कोंटा जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत कारिगुंडम अंतर्गत पालोडी गांव के निवासी वेट्टी लक्ष्मी और उनके पति वेट्टी पोज्जा के जीवन में विकास और बदलाव की एक नई सुबह हुई है। वर्षों तक कठिन, अस्थिर और भयभीत जीवन जीने के बाद इस दंपत्ति ने आत्मसमर्पण कर शांति, सुरक्षा और सम्मान की राह चुनी। समाज की मुख्यधारा से जुड़ने के उनके इस साहसिक निर्णय को मजबूती देने में राज्य सरकार की पुनर्वास नीति और ‘प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण’ (PMAY-G) एक मजबूत सहारा बनी है।
सुकमा जिला प्रशासन और शासन की पुनर्वास नीति के तहत पालोडी गांव तक बुनियादी सुविधाओं जैसे सड़क, बिजली और स्वच्छ पेयजल का विस्तार किया जा रहा है। इसी कड़ी में योजनाबद्ध तरीके से वेट्टी लक्ष्मी और वेट्टी पोज्जा के लिए ‘प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण’ के तहत एक पक्के मकान की स्वीकृति दी गई थी। अब मकान का निर्माण पूर्ण हो जाने से दंपत्ति को मौसम की मार और असुरक्षा के माहौल से मुक्ति मिल चुकी है।
यह नया पक्का मकान न केवल ईंट और सीमेंट की दीवारें हैं, बल्कि यह उस मजबूत फैसले का प्रतीक है, जिसने इस परिवार को भयमुक्त जीवन और समाज में स्वाभिमान का अधिकार दिलाया है। पक्के आशियाने में कदम रखते ही वेट्टी लक्ष्मी के चेहरे पर राहत और अपनेपन का भाव दिखाई दिया। उन्होंने कहा कि पहले हर पल एक अनजान डर और अस्थिरता बनी रहती थी, लेकिन अब अपने ही घर की पक्की छत के नीचे उनका परिवार सुरक्षित और स्थिर महसूस कर रहा है।
Read More : Plantation Drive in Sukma: दरभगुड़ा में वन प्रबंधन समिति ने लगाए फलदार पौधे, आजीविका को मिलेगा बढ़ावा
अपने जीवन में आए इस अभूतपूर्व और सकारात्मक बदलाव के लिए वेट्टी लक्ष्मी एवं पोज्जा ने देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री विजय शर्मा के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया है। इसके साथ ही उन्होंने सुकमा कलेक्टर अमित कुमार और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) मुकुंद ठाकुर के प्रति भी धन्यवाद ज्ञापित किया, जिनके सतत मार्गदर्शन और प्रशासनिक प्रयासों से दूरस्थ वनांचल के आत्मसमर्पित परिवारों तक शासन की कल्याणकारी योजनाओं का सीधा लाभ पहुंच रहा है।






