Voltage fluctuations : बड़वानी। शहर के पानवाड़ी क्षेत्र में बिजली विभाग की कथित लापरवाही आम जनता पर भारी पड़ गई है। पिछले कुछ दिनों से जारी वोल्टेज के उतार-चढ़ाव (फ्लक्चुएशन) ने बुधवार को विकराल रूप ले लिया, जिससे क्षेत्र के 60 से अधिक घरों के कीमती इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जलकर खाक हो गए। इस घटना से प्रभावित परिवारों को लाखों रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है, जिससे स्थानीय निवासियों में बिजली कंपनी के खिलाफ भारी आक्रोश व्याप्त है।
Voltage fluctuations : धूं-धूं कर जलने लगे उपकरण, मची अफरा-तफरी
जानकारी के अनुसार, घटना दोपहर करीब 4 से 5 बजे के बीच की है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मेन लाइन में अचानक इतना तेज वोल्टेज आया कि घरों में लगे एलईडी टीवी, फ्रिज, सीसीटीवी कैमरे, इन्वर्टर और सेटअप बॉक्स से धुआं निकलने लगा। कुछ ही पलों में कई परिवारों के साल भर की मेहनत की कमाई से खरीदे गए उपकरण कबाड़ में तब्दील हो गए।
Voltage fluctuations : “4 साल पहले भी हुआ था ऐसा, नहीं सुधरा विभाग”
क्षेत्रवासी जय मालवीया और लक्ष्मी बाई ने बताया कि वोल्टेज की यह समस्या नई नहीं है। करीब चार साल पहले भी इसी तरह की घटना हुई थी, लेकिन शिकायतों के बाद भी विभाग ने कोई स्थायी समाधान नहीं किया। स्थानीय निवासी किसन सिंह चौहान ने कहा कि बार-बार उपकरण जलने से मध्यमवर्गीय परिवारों पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है और लोग मानसिक तनाव में हैं।
Voltage fluctuations : अधिकारी का पल्ला झाड़ू जवाब: “हमारी गलती नहीं”
इस गंभीर मामले में जब बिजली विभाग (MPEB) के अधिकारी जनक गंगराड़े से संपर्क किया गया, तो उन्होंने फोन पर अजीबोगरीब सफाई दी। उन्होंने कहा कि वोल्टेज की इस समस्या में विभाग की कोई गलती नहीं है। हालांकि, उन्होंने यह जरूर कहा कि तकनीकी कारणों की जांच की जा रही है। विभाग के इस टालमटोल भरे रवैये ने आग में घी डालने का काम किया है।
Voltage fluctuations : मुआवजे की मांग, आंदोलन की चेतावनी
पानवाड़ी क्षेत्र के नाराज उपभोक्ताओं ने अब आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। उन्होंने मांग की है कि वोल्टेज की समस्या का तुरंत स्थायी निराकरण किया जाए और जिन परिवारों के उपकरण जले हैं, उन्हें उचित मुआवजा दिया जाए। क्षेत्रवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर गौर नहीं किया गया, तो वे बड़े पैमाने पर आंदोलन करेंगे।









