CG NEWS : रायपुर: छत्तीसगढ़ की नौ क्षेत्रीय राजनीतिक पार्टियों की मान्यता खतरे में है। राज्य निर्वाचन आयोग में इन दलों के खिलाफ सुनवाई पूरी हो चुकी है और अब अंतिम फैसला केंद्रीय निर्वाचन आयोग द्वारा लिया जाएगा।
CG NEWS : जिन पार्टियों पर यह कार्रवाई संभावित है, उनमें भारत भूमि पार्टी, भारतीय जनता सेक्युलर पार्टी, भ्रष्टाचार मुक्ति मोर्चा, छत्तीसगढ़ स्वाभिमान मंच, छत्तीसगढ़ विकास गंगा राष्ट्रीय पार्टी, छत्तीसगढ़ समाज पार्टी, छत्तीसगढ़िया पार्टी, पिछड़ा समाज पार्टी यूनाइटेड और राष्ट्रीय गोंडवाना पार्टी शामिल हैं।
CG NEWS : आयोग के अनुसार, इन सभी दलों ने वित्तीय वर्ष 2021-22, 2022-23 और 2023-24 के लिए अपने लेखा परीक्षित वार्षिक खातों को तय समय सीमा के भीतर प्रस्तुत नहीं किया। साथ ही, विधानसभा और लोकसभा चुनावों में भाग लेने के बावजूद, निर्धारित अवधि में चुनावी खर्च की रिपोर्ट भी जमा नहीं की गई।
CG NEWS : राज्य निर्वाचन आयोग ने जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 29ए और भारतीय संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत कार्रवाई करते हुए इन दलों को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। 9 अक्टूबर 2025 को हुई सुनवाई में कुछ दलों की ओर से कोई जवाब नहीं मिला।
CG NEWS : अब पूरा मामला केंद्रीय निर्वाचन आयोग के पास भेजा गया है, जो एक महीने के भीतर यह तय करेगा कि इन राजनीतिक दलों की मान्यता बरकरार रखी जाए या उन्हें पंजीकृत दलों की सूची से हटाया जाए।
CG NEWS : धारा 29ए के तहत यह प्रावधान है कि यदि कोई पंजीकृत राजनीतिक दल समय पर अपनी वार्षिक ऑडिट रिपोर्ट और चुनावी खर्च का ब्यौरा प्रस्तुत नहीं करता, तो उसकी मान्यता समाप्त की जा सकती है। यह नियम पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए अनिवार्य माना गया है।













