Bargawan Nagar Parishad Corruption : सिंगरौली: जिले के नगर परिषद बरगवां के अंतर्गत आने वाले वार्ड क्रमांक 9 में इन दिनों विकास के नाम पर भ्रष्टाचार की नई इबारत लिखी जा रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि यहाँ बनाई जा रही सड़क में तकनीकी मानकों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। निर्माण कार्य में सीमेंट की मात्रा नगण्य है और उसकी जगह घटिया स्तर की सामग्री और ‘भक्शी’ का अंधाधुंध उपयोग किया जा रहा है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह सड़क पूर्ण होने से पहले ही उखड़ने की कगार पर पहुँच गई है।
पुराने भ्रष्टाचार से नहीं लिया सबक: क्षेत्र की जनता का आक्रोश इसलिए भी अधिक है क्योंकि यह पहला मामला नहीं है। ग्रामीणों ने बताया कि पूर्व में भी जिस सड़क का निर्माण लाखों की लागत से कराया गया था, वह भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी है। आज उस सड़क पर कंक्रीट का नामोनिशान नहीं है और वहां से गुजरने वाले लोग केवल राखड़ (fly ash) और धूल के गुबार में दबने को मजबूर हैं। बार-बार शिकायतों के बावजूद मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) और परिषद अध्यक्ष की निरंतर चुप्पी भ्रष्टाचार को मौन सहमति देती प्रतीत हो रही है।
राजनीतिक गरमाहट और ‘कमीशन’ का खेल: इस मामले पर कांग्रेस पार्टी के ग्रामीण महामंत्री उपेन्द्र द्विवेदी ने कड़ा रुख अपनाते हुए प्रशासन को घेरा है। उन्होंने आरोप लगाया कि बरगवां में “कमीशन और प्रतिशत” का खेल इतना हावी है कि जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों को जनता की मूलभूत सुविधाओं की कोई परवाह नहीं है। द्विवेदी ने कहा कि भ्रष्टाचार की जड़ें इतनी गहरी हैं कि अधिकांश निर्माण कार्यों में नियमों को ताक पर रख दिया गया है।
जांच की मांग: स्थानीय नागरिकों और विपक्षी दल ने सामूहिक रूप से मांग की है कि वर्तमान सड़क निर्माण कार्य को तत्काल रोककर उपयोग की जा रही सामग्री की जांच किसी निष्पक्ष तकनीकी एजेंसी से कराई जाए। साथ ही, पूर्व में क्षतिग्रस्त हुई सड़कों के लिए जिम्मेदार ठेकेदारों और मौन साधे अधिकारियों पर सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाए। जनता ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सुधार नहीं हुआ, तो वे कलेक्ट्रेट का घेराव करने के लिए बाध्य होंगे।









