Auto Sector Growth Delhi : भारत के ऑटोमोबाइल उद्योग ने वित्त वर्ष 2025-26 का समापन शानदार प्रदर्शन के साथ किया है। सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (SIAM) द्वारा जारी ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, मार्च 2026 में वाहन बिक्री के लगभग सभी प्रमुख सेगमेंट में दोहरे अंकों की वृद्धि दर्ज की गई, जो मजबूत मांग और बाजार में सकारात्मक माहौल को दर्शाता है।
यात्री वाहनों में 16% की बढ़त
मार्च 2026 में यात्री वाहनों (Passenger Vehicles) की बिक्री में 16 प्रतिशत की वृद्धि हुई। कुल बिक्री बढ़कर 4,42,460 यूनिट तक पहुंच गई, जबकि मार्च 2025 में यह आंकड़ा 3,81,358 यूनिट था। यह उछाल दर्शाता है कि उपभोक्ताओं की मांग लगातार बनी हुई है और बाजार में नए मॉडलों की उपलब्धता भी बिक्री को गति दे रही है।
दोपहिया सेगमेंट बना ग्रोथ का इंजन
ऑटो सेक्टर की इस तेजी में सबसे बड़ा योगदान दोपहिया वाहनों का रहा। मार्च 2026 में दोपहिया बिक्री 19.3 प्रतिशत बढ़कर 19,76,128 यूनिट तक पहुंच गई, जो पिछले साल के 16,56,939 यूनिट के मुकाबले काफी अधिक है। यह ग्रामीण और शहरी दोनों बाजारों में मांग बढ़ने का संकेत देता है।
स्कूटर की रफ्तार सबसे तेज
दोपहिया श्रेणी के भीतर स्कूटर सेगमेंट ने सबसे तेज़ बढ़त दर्ज की। इसकी बिक्री 29.8 प्रतिशत बढ़कर 7,61,422 यूनिट तक पहुंच गई, जबकि पिछले साल यह 5,86,485 यूनिट थी।
वहीं, मोटरसाइकिल सेगमेंट में भी वृद्धि हुई, लेकिन इसकी गति अपेक्षाकृत धीमी रही। मोटरसाइकिलों की बिक्री 12.9 प्रतिशत बढ़कर 11,68,514 यूनिट तक पहुंची।
तिपहिया वाहनों का भी मजबूत प्रदर्शन
तिपहिया वाहन सेगमेंट में भी सकारात्मक रुझान देखने को मिला। इस श्रेणी में बिक्री 21.4 प्रतिशत बढ़कर 76,273 यूनिट तक पहुंच गई, जो पिछले साल 62,813 यूनिट थी। यह शहरी परिवहन और छोटे व्यवसायों में बढ़ती मांग का संकेत देता है।
वित्त वर्ष का मजबूत समापन
मार्च के शानदार प्रदर्शन के साथ पूरे वित्त वर्ष का अंत भी सकारात्मक रहा। अलग-अलग सेगमेंट में लगातार बढ़ती मांग और उत्पादों की विस्तृत श्रृंखला ने ऑटो उद्योग को मजबूती दी है।
हालांकि, इस डेटा में BMW, Mercedes-Benz, Jaguar Land Rover और Volvo जैसी लक्ज़री कार कंपनियों की बिक्री शामिल नहीं है।











