Air Show Raipur : नवा रायपुर। छत्तीसगढ़ के स्थापना दिवस के अवसर पर नवा रायपुर का आसमान एक ऐतिहासिक पल का गवाह बनने जा रहा है, जहाँ सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम के नौ हॉक जेट अपनी कलाबाजियां दिखाएंगे। इस हैरतअंगेज एयर शो में जो पायलट टीम के लीड विंगमैन के रूप में सबसे आगे उड़ान भरेंगे, वो कोई और नहीं, बल्कि महासमुंद जिले के अर्जुनी गांव के किसान-पुत्र गौरव पटेल होंगे।
Air Show Raipur : 32 वर्षीय विंग कमांडर गौरव पटेल (W/Cdr Gaurav Patel) 5 नवंबर को छत्तीसगढ़ के रजत जयंती समारोह में अपनी धरती के ऊपर शौर्य का प्रदर्शन करेंगे।
दादा का NCC बैज छूकर देखा था सपना
गौरव पटेल का यह सफर ज़मीन से आसमान तक पहुंचने की एक प्रेरणादायक कहानी है। वह बताते हैं कि इस सपने की शुरुआत पांचवी कक्षा में तब हुई, जब उन्होंने अपने दादा श्याम कुमार पटेल का NCC बैज छुआ था। गौरव कहते हैं, “सर, सपना था कि एक दिन अपनी धरती के ऊपर फाइटर जेट उड़ाऊं। 5 नवंबर को वो सपना सच हो रहा है।” उनकी आवाज़ में आज भी अपने गांव की मिट्टी की सादगी महसूस होती है।
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‘देश से बड़ा कुछ नहीं’
गौरव के पिता कमल किशोर पटेल आज भी सुबह चार बजे उठकर खेत पर धान की नर्सरी देखते हैं। 90 वर्षीय दादाजी ने गौरव को सिर्फ एक ही सीख दी: “देश से बड़ा कुछ नहीं।” यही एक बात पिथौरा के प्राइमरी स्कूल से लेकर NDA और फिर Air Force Academy तक की उनकी यात्रा का आधार बनी। 2013 में हैदराबाद से विंग्स लगने के बाद, गौरव अब तक थाईलैंड, UAE, श्रीलंका और UK सहित 7 देशों में 700 से अधिक एयर शो कर चुके हैं। इतनी बड़ी उपलब्धि के बावजूद, गांव की गलियों में उन्हें आज भी “कमल किशोर का लाल” कहकर पुकारा जाता है।
| गौरव पटेल की शौर्य यात्रा की मुख्य बातें |
| प्रारंभिक शिक्षा: क्लास 5 में सैनिक स्कूल रीवा |
| सफलता: 2009 में NDA लिखित और SSB क्रैक |
| पंख लगे: 2013 में एयर फ़ोर्स एकेडमी, हैदराबाद |
| अनुभव: 11 साल का सफर, 1,800 फ्लाइंग ऑवर्स |
| उपलब्धि: 7 देशों में 700+ एयर-शो में भागीदारी |













