CG NEWS: जगदलपुर: छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान आज ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के लिए केवल एक शासकीय योजना नहीं, बल्कि उनके आत्म-सम्मान और आर्थिक आजादी का आधार बन चुकी है। इसी मिशन की एक सशक्त कड़ी के रूप में उभरकर सामने आई हैं बस्तर जिले के लोहण्डीगुड़ा जनपद अंतर्गत ग्राम चित्रकोट की निवासी श्रीमति नवती कश्यप। शिक्षित होने के बावजूद एक समय ऐसा था जब नवती दीदी के पास रोजगार का कोई साधन नहीं था, लेकिन फरवरी 2019 में गंगा मैया स्व सहायता समूह से जुड़ने के बाद उनके जीवन की दिशा पूरी तरह बदल गई।
CG NEWS: नवती दीदी ने अपनी उद्यमिता की यात्रा अगस्त 2019 में बीसी सखी के रूप में शुरू की। शुरुआत में उन्हें कई तकनीकी और सामाजिक चुनौतियों का सामना करना पड़ा, लेकिन अपनी अटूट लगन के कारण वे निरंतर इस कार्य में डटी रहीं। उनकी इसी मेहनत का परिणाम है कि आज वे अपने क्षेत्र की 5 ग्राम पंचायतों में एक भरोसेमंद बैंकिंग सखी के रूप में सेवा दे रही हैं। छत्तीसगढ़ ग्रामीण बैंक कियोस्क और सीएससी आईडी के माध्यम से वे ग्रामीणों के घर-घर जाकर बैंकिंग सुविधाएँ उपलब्ध करा रही हैं, जिससे ग्रामीणों को अब बैंक के चक्कर नहीं काटने पड़ते।
CG NEWS: आज नवती दीदी के माध्यम से ग्रामीणों को वृद्धावस्था पेंशन, मनरेगा का भुगतान और महतारी वंदन योजना जैसी महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ सीधे उनके गाँव में ही मिल रहा है। इसके साथ ही वे समूहों के आपसी लेनदेन और बैंक से जुड़ी अन्य समस्त आवश्यक सेवाएँ भी सुलभ करा रही हैं। आर्थिक रूप से देखें तो यह बदलाव किसी चमत्कार से कम नहीं है।
CG NEWS: जिस कार्य की शुरुआत में उनकी मासिक आय मात्र एक हजार से दो हजार रुपये थी, वह आज उनके अथक परिश्रम एवं लगन के बूते बढ़कर 15 हजार रुपये तक पहुँच गई है। इस आय से वह अपने घर-परिवार को खुशहाली की ओर अग्रसर कर चुकी हैं। श्रीमती नवती कश्यप की यह कहानी आज बस्तर की अन्य महिलाओं के लिए एक मिसाल है, जो यह सिखाती है कि सही प्रशिक्षण, समूह का सहयोग और साहस के छोटे-छोटे निवेश से कोई भी महिला आर्थिक रूप से सशक्त हो सकती है। बिहान योजना के माध्यम से आज उन्होंने यह सिद्ध कर दिया है कि संकल्प और मेहनत से ग्रामीण स्तर पर भी आत्मनिर्भर बनना पूरी तरह संभव है।











